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13 साल की बच्ची से कहा गया वर्जिनिटी सर्टिफिकेट, लाओ वरना TC ले जाओ
बेहद ही शर्मनाक खबर : मामला यूपी के मुरादाबाद के एक मदरसे का है जहां छात्रा के परिजनों का आरोप है कि, मदरसा मैनेजमेंट ने उनसे स्पष्ट कहा कि वर्जिनिटी सर्टिफिकेट देने के बाद ही मदरसे में एंट्री मिलेगी। आरोप है कि वर्जिनिटी सर्टिफिकेट नहीं देने पर मदरसा मैनेजमेंट ने छात्रा को मदरसे से बाहर निकाल दिया।
परिजनों से कहा गया कि वो छात्रा की टीसी ले जाएं, परिजनों ने मदरसा प्रबंधन पर अभद्रता करने के आरोप भी लगाए हैं।
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जस्टडायल की आड़ में देह व्यापार
मुरादाबाद से बड़ी खबर, जस्ट डायल की आड़ में चल रहा था देहव्यापार का अड्डा।
सेक्टर-7 में सेक्स रैकेट का भंडाफोड़,
देहरादून की आरती जस्ट डायल के ज़रिए चला रही थी रैकेट,
कमरों में न्यूड हालत में मिले कपल,
पुलिस ने 4 युवतियों और 3 युवकों को पकड़ा,
आरती फरार, वांटेड घोषित,
पकड़ी गई युवतियाँ दिल्ली, रामपुर, मुज़फ्फरनगर और बलिया की रहने वाली।
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खाली है डिग्री कालेजों में विभिन्न पद
– मुरादाबाद मंडल में 362 कॉलेज, कई जगह प्रोफेसर ही नहीं
870 प्रोफेसर, असिस्टेंट प्रोफेसर के पद खाली
– 147 बीएड शिक्षकों के लिए भेजा गया था अधियाचन, आ चुकी है भर्ती
– 140 से ज्यादा पद प्रोफेसर के लिए खाली
मुरादाबाद। मुरादाबाद मंडल के डिग्री कॉलेजों में मुरादाबाद प्रोफेसर, एसोसिएट व असिस्टेंट प्रोफेसरों के 870 पद खाली हैं। ऐसे में शिक्षण व्यवस्था पटरी पर नहीं आ पा रही है।
इसके अलावा 147 बीएड शिक्षकों के पद भी रिक्त हैं।
उच्च शिक्षा संस्थानों में नए शैक्षिक की शुरुआत हो चुकी है। मंडल के डिग्री कॉलेजों में परास्नातक के दाखिले भी शुरू होने वाले हैं।
गुरु जंभेश्वर विवि के अधीन मंडल के 362 कॉलेजों में शिक्षकों के कई पद रिक्त हैं।
लंबे समय से भर्ती न होने के कारण ऐसा हो रहा है, जबकि पिछले दो वर्षों में करीब 30 से ज्यादा प्रोफेसर सेवानिवृत्त हो चुके हैं।
सहायता प्राप्त डिग्री कॉलेजों के सामने सबसे बड़ी समस्या शिक्षकों की कमी का है। मंडल की बात करें तो 870 पद खाली हैं।
डिग्री कॉलेज में शिक्षकों की तैनाती न होने के कारण अब छात्र और शिक्षक का अनुपात काफी बिगड़ गया है।
नए शैक्षणिक सत्र में ये समस्या देखने को मिलने लगी है। कई बड़े सहायता प्राप्त डिग्री कॉलेज में शिक्षकों की संख्या भी ठीकठाक घटी है।
जानकारी के मुताबिक 140 से ज्यादा प्रोफेसरों के पद खाली हो चुकी हैं।वहीं 450 से ज्यादा पद असिस्टेंट प्रोफेसर के खाली हैं।
शिक्षकों की कमी को दूर करने के लिए संविदा टीचरों के भरोसे काम चलाया जा रहा है। इसके अलावा बीएड शिक्षकों की भी भारी कमी है।
147 बीएड शिक्षकों के लिए अधियाचन भेजा जा चुका है। इन पदों के लिए भर्ती भी आ चुकी है।
वहीं असहायता प्राप्त महाविद्यालयों में खाली 870 पद के लिए अधियाचन भेजा चुका है, लेकिन ये फाइल आगे नहीं बढ़ी।
इस पर अभी तक शासन की ओर से कोई आदेश नहीं आया है।
गुरु जंभेश्वर विवि में 273 पदों पर होगी भर्ती
गुरु जंभेश्वर विवि में शिक्षकों के 273 पदों का सृजन को मंजूरी मिली है।
उच्च शिक्षा विभाग की ओर से इसको लेकर आदेश जारी कर दिया गया है।
इसमें प्रोफेसर के 39 पद, एसोसिएट प्रोफेसर के 78 पद और असिस्टेंट प्रोफेसर के 156 पदों का सृजन किया गया है।
वहीं मंडल के कॉलेजों में भी जल्द ही शिक्षकों की भर्ती होने की उम्मीद है।
क्षेत्रीय उच्च शिक्षाधिकारी के मुताबिक अधियाचन भेजा जा चुका है।
“असहायता प्राप्त कॉलेजों में शिक्षकों के कई पद खाली हैं। इसको लेकर अधियाचन भेजा जा चुका है। बीएड शिक्षकों के कई पद खाली थे। उस पर प्रक्रिया शुरू हो चुकी है। उम्मीद है कि जल्द ही डिग्री कॉलेजों में शिक्षकों के पद भरे जाएंगे। शासन को इस बावत अवगत करा दिया गया है।”
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घूस लेते पकड़ा गया असिस्टेंट कमिश्नर, विजिलेंस टीम ने 15 हजार की रिश्वत लेते रंगे हाथ पकड़ा
घूस लेते पकड़ा गया असिस्टेंट कमिश्नर, विजिलेंस टीम ने 15 हजार की रिश्वत लेते रंगे हाथ पकड़ा
ऑफिस से 2.3 लाख कैश मिला,
मुरादाबाद। मुरादाबाद में सहायक आयुक्त औषधि घूस लेते पकड़े गए। विजिलेंस बरेली की टीम ने सहायक आयुक्त औषधि मनु शंकर को उनके कार्यालय से रंगे हाथ रिश्वत लेते पकड़ा है। विजिलेंस टीम के अनुसार सहायक आयुक्त औषधि मनु शंकर मेडिकल स्टोर का लाइसेंस देने की एवज में 35 हजार रुपए की रिश्वत मांगी थी। विजिलेंस अधिकारियों का कहना है कि मनु शंकर एक व्यक्ति से मेडिकल स्टोर का लाइसेंस जारी करने की एवज में 35 हजार रुपए की डिमांड कर रहे थे। उन्होंने दो किश्तों में ये रकम मांगी थी।
पहली किश्त में 15 हजार और दूसरी किश्त में 20 हजार रुपए,
मुरादाबाद में सहायक आयुक्त औषधि घूस लेते पकड़े गए। विजिलेंस बरेली की टीम ने सहायक आयुक्त औषधि मनु शंकर को उनके कार्यालय से रंगे हाथ रिश्वत लेते पकड़ा है। विजिलेंस टीम के अनुसार सहायक आयुक्त औषधि मनु शंकर मेडिकल स्टोर का लाइसेंस देने की एवज में 35 हजार रुपए की रिश्वत मांगी थी।
विजिलेंस अधिकारियों का कहना है कि मनु शंकर एक व्यक्ति से मेडिकल स्टोर का लाइसेंस जारी करने की एवज में 35 हजार रुपए की डिमांड कर रहे थे। उन्होंने दो किश्तों में ये रकम मांगी थी। पहली किश्त में 15 हजार और दूसरी किश्त में 20 हजार रुपए देने थे। शिकायतकर्ता ने घूस की रकम तय करने के बाद विजिलेंस एसपी बरेली से मामले की शिकायत की। जिसके बाद विजिलेंस ने सहायक आयुक्त को ट्रैप करने का प्लान तैयार किया।
विजिलेंस अधिकारियों का कहना है कि सहायक आयुक्त औषधि के कार्यालय से 1.3 लाख रुपए बरामद हुए हैं। ये रकम रंगे हाथ पकड़ी गई घूस की रकम 15 हजार से अलग है। इसके अलावा उनके कार्यालय से 1-1 लाख रुपए से भरे दो लिफाफे भी मिले हैं।
माना जा रहा है कि ये भी घूस की रकम है। इस रकम के बारे में भी सहायक आयुक्त कुछ नहीं बता सके। इस मामले में विजिलेंस की टीम उनसे पूछताछ कर रही है। विजिलेंस अधिकारियों का कहना है कि औपचारिकता पूरी करने के बाद इस मामले में रिपोर्ट दर्ज कराई जाएगी।


