एम्स गोरखपुर में सृजन आर्ट्स एग्जीबिशन का आयोजन कला संवेदनाओं और रचनात्मकता का उत्सव
एम्स गोरखपुर के सृजन आर्ट्स क्लब द्वारा आयोजित “सृजन आर्ट्स एग्जीबिशन 2026” ने संस्थान के शैक्षणिक और चिकित्सीय वातावरण के बीच कला, संवेदनशीलता और मानवीय अभिव्यक्ति का एक अनूठा संगम प्रस्तुत किया। एमएनसी भवन के फोयर क्षेत्र में आयोजित इस प्रदर्शनी में एमबीबीएस विद्यार्थियों, रेजिडेंट्स, नर्सिंग अधिकारियों, नर्सिंग विद्यार्थियों तथा फैकल्टी सदस्यों द्वारा बनाई गई विविध कलाकृतियों का प्रदर्शन किया गया।
कार्यक्रम की मुख्य अतिथि संस्थान की माननीय कार्यकारी निदेशक मेजर जनरल डॉ. विभा दत्ता, एसएम (सेवानिवृत्त) रहीं। उन्होंने प्रदर्शनी का अवलोकन करते हुए प्रतिभागियों की रचनात्मकता, संवेदनशीलता और कलात्मक अभिव्यक्ति की सराहना की। उन्होंने कहा कि ऐसे आयोजन व्यक्तित्व विकास, मानसिक संतुलन और टीम भावना को मजबूत करते हैं तथा सकारात्मक ऊर्जा का संचार करते हैं।
इस अवसर पर डॉ. महिमा मित्तल (डीन अकादमिक्स) एवं डॉ. संतोष कुमार शर्मा, अध्यक्ष, सृजन आर्ट्स क्लब उपस्थित रहे। प्रदर्शनी में पेंटिंग, फोटोग्राफी, क्राफ्ट, मूर्तिकला, क्रोशिया एवं हस्तनिर्मित कलाओं सहित अनेक विधाओं की रचनाएँ आकर्षण का केंद्र रहीं।
कार्यक्रम में क्रिटिक्स अवॉर्ड के साथ-साथ पॉपुलर चॉइस अवॉर्ड भी रखा गया, जिसमें उपस्थित दर्शकों ने स्वयं मतदान कर अपनी पसंदीदा कलाकृति का चयन किया। इस पहल ने प्रदर्शनी को और अधिक सहभागी एवं जीवंत बना दिया।
डॉ. संतोष कुमार शर्मा ने कहा कि चिकित्सा शिक्षा और अस्पताल की व्यस्त दिनचर्या के बीच कला आत्म-अभिव्यक्ति, मानसिक संतुलन और मानवीय संवेदनाओं को जीवित रखने का सशक्त माध्यम है। उन्होंने कहा कि यह प्रदर्शनी केवल कलाकृतियों का प्रदर्शन नहीं, बल्कि उन भावनाओं, संघर्षों और सपनों की अभिव्यक्ति है जिन्हें शब्दों में व्यक्त करना हमेशा संभव नहीं होता।
इस सफल आयोजन के पीछे एमबीबीएस एवं नर्सिंग कॉलेज के सभी बैचों के विद्यार्थियों का अथक परिश्रम और समर्पण रहा। विद्यार्थियों ने दिन-रात मेहनत कर प्रदर्शनी की तैयारी की और पूरे आयोजन को सफल बनाने में महत्वपूर्ण योगदान दिया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में एमबीबीएस विद्यार्थियों, फैकल्टी सदस्यों, रेजिडेंट्स, नर्सिंग अधिकारियों एवं नर्सिंग विद्यार्थियों ने सहभागिता की।
कार्यक्रम के सफल आयोजन में डॉ. रुचिका अग्रवाल, डॉ. मिम्ना एवं डॉ. सीमा चव्हाण (नर्सिंग कॉलेज) का विशेष योगदान रहा।
सृजन आर्ट्स क्लब का यह आयोजन इस संदेश के साथ संपन्न हुआ कि चिकित्सा और विज्ञान के बीच भी संवेदनाओं, कल्पनाओं और रचनात्मकता के लिए हमेशा स्थान होना चाहिए।
Leave a Reply