एडेड स्कूलों के तदर्थ शिक्षकों की बहाली का मामला विधान परिषद में उठा,
विधान परिषद में गुरुवार को भाजपा के विधान परिषद सदस्य देवेन्द्र प्रताप सिंह ने अशासकीय सहायता प्राप्त (एडेड) माध्यमिक स्कूलों के करीब एक हजार तदर्थ शिक्षकों की सेवाएं बहाल किए जाने का मामला जोरशोर से उठाया।
सदन में अपनी बात रखते हुए देवेन्द्र प्रताप सिंह ने कहा कि ये सभी तदर्थ शिक्षक राज्य सरकार द्वारा निर्धारित योग्यता रखते हैं और वर्षों से अपनी सेवाएं दे रहे हैं। उन्होंने तदर्थ शिक्षकों की समस्याओं को गंभीरता से लेते हुए सरकार से उनकी बहाली सुनिश्चित करने की मांग की।
सदस्य ने तदर्थ शिक्षकों को नियमित करने की प्रक्रिया में तेजी लाने और उनकी सेवाओं को स्थायी रूप से मान्यता देने का अनुरोध किया। यह मामला सदन में चर्चा का विषय बन गया और अन्य सदस्यों ने भी इस मुद्दे पर अपने विचार रखे।
सरकार की ओर से इस मामले पर जल्द निर्णय लेने का भरोसा दिलाया गया है, ताकि इन शिक्षकों को न्याय मिल सके और वे निश्चिंत होकर शिक्षा व्यवस्था को बेहतर बनाने में योगदान दे सकें।
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