गोरखपुर की पावन धरती पर जब पधारी महामहिम राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू तो वहीं रास्ते में नाहरपुर के पास ज्योति इण्टर कालेज के उत्साही बच्चों के साथ विद्यालय के अध्यापकों ने उनका हार्दिक और मनोहर के साथ जोरदार स्वागत किया। बताते चलें कि विद्यालय के बच्चे सुबह से ही उत्साह और उमंग से भरे हुए थे और राष्ट्रपति जी के झलक के लिए लालायित दिखें। बच्चों के हाथो में तिरंगा था और जुबां से भारत माता की जय के जयकारे से वातावरण गुंजायमान हो रहा था। महामहिम की एक झलक पाकर बच्चों के चेहरे खिल उठे। इस दौरान विद्यालय के प्रधानाचार्य रवि प्रकाश यादव ने बच्चों को खड़े होने के लिए स्टैंड किया और जलपान के साथ छाया की व्यवस्था किया। अपने संबोधन में उन्होंने कहा कि यह हमारे तथा गोरखपुर के लिए गौरवशाली क्षण है। हम लोगों का सौभाग्य है कि महामहिम स्वयं गोरखपुर की धरती पर पधारी हैं। यह अद्भुत अनुभूति है। बड़े ही हर्ष के कहना पड़ रहा है कि हमें और हमारे बच्चों को राष्ट्रपति जी का स्वागत करने का एक सुनहरा मौका मिला इस पर हमें गर्व है। इस अवसर पर ज्योति इण्टर कालेज के अध्यापकगण रश्मि सिंह, जयश्री चक्रवर्ती, प्रतिमा पाठक , पुनीता पांडेय, हुस्न जहां, मधु उपाध्याय, अनुपमा मिश्रा, सुषमा शर्मा, निम्मी, श्रुति ठाकुर, अंकिता मिश्रा, मनिता मौर्या, मंजू सिंह,अंजोरी, प्रिंसी सिंह, प्रिया गुप्ता, सौम्य,प्रतिमा पाण्डेय, अष्टभुजा मिश्र, अजय कुमार यादव, रमेश पांडे, विनीत विश्वकर्मा, मनीष विश्वकर्मा,, अमरेंद्र प्रजापति, संजय कन्नौजिया, सचिन सिंह, जयनारायण त्रिपाठी, धर्मेन्द्र गुप्ता, सुभाष यादव, लक्ष्मी यादव, निकेश, अवधेश वर्मा, सुरेन्द्र कन्नौजिया, आदित्य जायसवाल, निकेश मद्धेशिया इत्यादि लोग उपस्थित थे।
गोरखपुर शहर में मेडिकल रोड पर स्थित लोटस टावर में एकॉर्ड एस्थेटिक क्लिनिक की कल शाम ग्रैंड ओपनिंग हुई।
इस अवसर पर प्रसिद्ध अभिनेता और गोरखपुर के माननीय सांसद मुख्य अतिथि के तौर पर उपस्थित थे और उनके द्वारा ही इस क्लीनिक का ओपनिंग किया गया।
अकॉर्ड क्लिनिक की संचालिका चर्म रोग, गुप्त रोग एवं कुष्ठ रोगी विशेषज्ञ डॉक्टर अंकिता पुंडीर और संचालक गठिया रोग विशेषज्ञ डॉक्टर आकाश सिंह ने अपने क्लीनिक की चिकित्सा सुविधाओं के बारे में बताते हुए कहा कि उनके क्लीनिक में आधुनिक उन्नत चिकित्सा व्यवस्था उपलब्ध है, अब लोगों को घुटने का प्रत्यारोपण करवाने की आवश्यकता नहीं पड़ेगी।
अकॉर्ड क्लीनिक में इस प्रकार की चिकित्सा व्यवस्था उपलब्ध है कि बगैर किसी सर्जरी के घुटने को नवजीवन प्रदान किया जा सकता है।
इसके साथ ही डॉक्टर अंकिता पुंडीर ने बताया कि वह यहां तिल, मस्से, लेजर चिकित्सा, कम उम्र में गंजा होने की समस्या, केश प्रत्यारोपण के साथ ही अन्य उन्नत एवं आधुनिक प्रकार के सौंदर्य चिकित्सा की सुविधा उपलब्ध है जिनमें से बहुत सी चिकित्सा सुविधाएं ऐसी हैं जो कि इससे पहले गोरखपुर में नहीं थी।
डाॅक्टर अंकिता ने यह भी बताया कि उनके यहां कोई भी चिकित्सा पेशेंट के आवश्यक शारीरिक जांच के बाद ही की जाती है जिससे कि मरीज या क्लाइंट को किसी तरह के साइड इफेक्ट एवं अन्य किसी भी प्रकार के संक्रमण का खतरा नहीं होता हैं।
अकॉर्ड क्लिनिक अपने मरीजों के साथ पारिवारिक व्यवहार एवं कम खर्चे में चिकित्सा करने को प्राथमिकता देता हैं।
एकार्ड क्लीनिक की चिकित्सा सुविधा के बारे में विस्तार से चर्चा करते हुए डॉक्टर अंकिता पुंडीर और डॉक्टर आकाश सिंह ने बताया कि “हम गोरखपुर के लोगों के लिए चिकित्सा और कॉस्मेटिक उपयोग के लिए अत्याधुनिक तकनीक, अत्यधिक उन्नत प्रेसिजन आधारित लेजर मशीन और अन्य सौंदर्य मशीनें उपलब्ध करा रहे हैं। विश्व मानक उपचार जो शुरू में केवल मेट्रो शहरों तक ही सीमित था अब हमारे अपने शहर गोरखपुर में उपलब्ध होगा। हमारे पास सबसे उन्नत लेजर हेयर रिडक्शन है, पूरे शरीर के बालों को कम करने का एक पूरा सत्र 90 मिनट से भी कम समय में पूरा हो सकता है जबकि अन्य उपलब्ध मशीनों में लगभग 2.5 से 3 घंटे लगते हैं।”
“इसके साथ ही हमारे पास प्राकृतिक और वैज्ञानिक तरीके से त्वचा की टोन टेक्सचर और कांटूर को बढ़ाने के लिए उन्नत एंटी एजिंग उपकरण हैं।”
इम्यूनोलॉजी और रुमेटोलॉजी के क्षेत्र में 11 महीनों की बेजोड़ सेवा सफलतापूर्वक प्रदान करने और पुरानी ऑटोइम्यून बीमारियों से पीड़ित लोगों के इलाज के लिए जैविक चिकित्सा पद्धति का उपयोग करने और उनके दैनिक जीवन की गतिविधियों में प्रभावशाली सुधार करने के बाद अब हम पूरे आत्मविश्वास और बिना किसी आशंका के व्यक्ति की आंतरिक सुंदरता को बढ़ाने के लिए सौंदर्य चिकित्सा के क्षेत्र में कदम रख रहे हैं।
हम आभारी हैं कि गोरखपुर के माननीय सांसद श्री रवि किशन हमारे मुख्य अतिथि हैं, साथ ही शहर के विभिन्न क्षेत्रों से आए अन्य वरिष्ठ गणमान्य व्यक्ति और डॉक्टर्स भी इस अवसर पर उपस्थित रहें हैं। डॉ. एके मल्ल, डॉ. नवनीत जयपुरियार, डॉ. अनुज सरकारी, डॉ. अविजीत सरकारी, डॉ. वाई सिंह, डॉ. माधवी सरकारी, डॉ. शिव शंकर शाही, डॉ. स्मिता जायसवाल
शहर के प्रसिद्ध व्यावसायीं एश्प्रा के अतुल सर्राफ ने भी इस अवसर पर अपनी गरिमामयीं उपस्थिति दर्ज करवाई।
गोरखपुर।राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु उत्तर प्रदेश के गोरखपुर में दो दिवसीय दौरे पर आ रहीं है। उनका यहां पर भव्य स्वागत होगा। सुरक्षा व्यवस्था के भी पुख्ता इंतजाम किए गए है। सर्किट हाउस और कार्यक्रम स्थलों के 5 किलोमीटर के दायरे को नो-फ्लाइंग जोन घोषित किया गया है।
इस क्षेत्र में ड्रोन, पतंग और गुब्बारों पर प्रतिबंध रहेगा। राष्ट्रपति के आने से पहले मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया। उन्होंने कहा ”आयुष विश्वविद्यालय के लोकार्पण समारोह में शामिल होने आ रहीं राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू का यहां गोरखपुर में भव्य स्वागत किया जाएगा।” इन कार्यक्रमों में शामिल होंगी राष्ट्रपति राष्ट्रपति मुर्मू 30 जून को अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स)-गोरखपुर के प्रथम दीक्षांत समारोह में शामिल होंगी। इसके बाद अगले दिन एक जुलाई को मुर्मू भटहट के पिपरी में बने राज्य के पहले महायोगी गुरु गोरखनाथ आयुष विश्वविद्यालय का लोकार्पण और सोनबरसा बालापार में महायोगी गोरखनाथ विश्वविद्यालय में अकादमिक भवन, सभागार, पंचकर्म केंद्र का लोकार्पण और ‘छात्रावास’ का शिलान्यास करेंगी।
स्वागत में कोई कमी न हो- योगी
बयान में कहा गया कि उत्तर प्रदेश के पहले आयुष विश्वविद्यालय के लोकार्पण समारोह में शामिल होने आ रहीं राष्ट्रपति के स्वागत में कोई कमी न रहे, इसे लेकर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने लगातार दो दिन भटहट के पिपरी स्थित आयुष विश्वविद्यालय का दौरा कर तैयारियों का निरीक्षण किया और सभी व्यवस्थाओं को चाक-चौबंद रखने के निर्देश दिए। आयुष विश्वविद्यालय का लोकार्पण करने के बाद राष्ट्रपति सड़क मार्ग से गोरखनाथ मंदिर जाएंगी। योगी ने निर्देश दिए कि राष्ट्रपति मुर्मू के कार्यक्रम को भव्य बनाने में कोई कसर बाकी नहीं रहनी चाहिए। राष्ट्रपति के कार्यक्रमों को लेकर मुख्यमंत्री ने शनिवार सुबह गोरखनाथ मंदिर के सभाकक्ष में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के वरिष्ठ पदाधिकारियों और जनप्रतिनिधियों के साथ बैठक की। इस दौरान उन्होंने कहा कि सभी लोग पूरी जिम्मेदारी से राष्ट्रपति के कार्यक्रम को यादगार बनाने में जुट जाएं।
“1 जुलाई को राष्ट्रपति द्रोपदी मुर्मु करेंगी अकादमिक भवन, ऑडिटोरियम, पंचकर्म केंद्र का लोकार्पण व गर्ल्स हॉस्टल का शिलान्यास”
“28 अगस्त 2021 को तत्कालीन राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने किया था एमजीयूजी का लोकार्पण”
“गोरक्षपीठाधीश्वर एवं मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ हैं विश्वविद्यालय के कुलाधिपति”
“एमजीयूजी में एमबीबीएस, बीएएमएस सहित नर्सिंग, पैरामेडिकल, फार्मेसी, एलायड हेल्थ साइंस में डिप्लोमा से लेकर मास्टर डिग्री तक के अनेक कोर्स”
गोरखपुर, 27 जून। स्थापना के चार साल के भीतर महायोगी गोरखनाथ विश्वविद्यालय गोरखपुर (एमजीयूजी) के नाम उपलब्धियों की लंबी सूची है। पूरे प्रदेश में इसकी पहचान समयानुकूल, रोजगारपरक शिक्षा तथा आधुनिक एवं प्राचीन चिकित्सा के संगम के रूप में सुदृढ़ हुई है। 28 अगस्त 2021 को तत्कालीन राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद के हाथों लोकार्पित इस विश्वविद्यालय में 1 जुलाई को वर्तमान राष्ट्रपति द्रोपदी मुर्मु का आगमन होने जा रहा है। राष्ट्रपति यहां अकादमिक भवन, करीब पंद्रह सौ लोगों के बैठने की क्षमता के ऑडिटोरियम, ग्यारह कॉटेज वाले विश्व स्तरीय पंचकर्म केंद्र का लोकार्पण और एक हजार की क्षमता के गर्ल्स हॉस्टल का शिलान्यास करेंगी।
एमजीयूजी मॉडर्न मेडिकल एजुकेशन, आयुर्वेद चिकित्सा शिक्षा, नर्सिंग शिक्षा, फार्मेसी शिक्षा के साथ स्नातक और परा स्नातक के अत्याधुनिक रोजगारपरक पाठ्यक्रमों के संचालन वाले एक बड़े राष्ट्रीय केंद्र के रूप में तेजी से उभर रहा है। यहां के आयुर्वेद कॉलेज में बीएएमएस की पढ़ाई विश्वविद्यालय स्थापना के पहले सत्र से ही हो गई थी जबकि मेडिकल कॉलेज में एमबीबीएस कोर्स का संचालन पिछले सत्र से हुआ है। यही नहीं, नर्सिंग एवं पैरा मेडिकल संकाय में दर्जनभर रोजगारदायी पाठ्यक्रम पूर्ण क्षमता से संचालित हैं। विश्वविद्यालय में एलॉयड हेल्थ साइंसेज फार्मेसी, एग्रीकल्चर, व्यवसाय प्रबंधन से संबंधित डिप्लोमा से लेकर मास्टर डिग्री तक के दो दर्जन पाठ्यक्रम संचालित हैं।
विश्वविद्यालय के कुलपति डॉ. सुरिंदर सिंह बताते हैं कि यहां के सभी पाठ्यक्रम रोजगारपरक हैं और उनकी बहुत मांग है। यहां भारतीय ज्ञान मूल्यों का संरक्षण व संवर्धन, वर्तमान और भावी समय को ध्यान में रखकर अनुसंधानिक तरीके से किया जा रहा है। राष्ट्रीय शिक्षा नीति के परिप्रेक्ष्य में यहां पाठ्यक्रम ऐसे हैं जो समाज के लिए लाभकारी, विद्यार्थी के लिए सहज रोजगारदायी हैं।
शिक्षा, चिकिसा, कृषि अनुसंधान, रोजगार व ग्राम्य विकास के क्षेत्र में महायोगी गोरखनाथ विश्वविद्यालय ने अंतरराष्ट्रीय चावल अनुसंधान संस्थान, लुम्बिनी बौद्ध विश्वविद्यालय नेपाल, दक्षिण बिहार केंद्रीय विश्वविद्यालय, इंदिरा गांधी राष्ट्रीय जनजाति विश्वविद्यालय, एम्स गोरखपुर, केजीएमयू लखनऊ, आरएमआरसी गोरखपुर, महायोगी गुरु गोरखनाथ आयुष विश्वविद्यालय, दीनदयाल उपाध्याय गोरखपुर विश्वविद्यालय, भारतीय उद्यमिता विकास संस्थान अहमदाबाद, वैद्यनाथ आयुर्वेद, इंडो-यूरोपियन चैंबर ऑफ स्माल एंड मीडियम इंटरप्राइजेज, बाबा साहब भीमराव अंबेडकर विश्वविद्यालय लखनऊ, राष्ट्रीय वनस्पति अनुसंधान संस्थान, राष्ट्रीय कृषि उपयोगी सूक्ष्मजीव ब्यूरो, भारतीय बीज विज्ञान संस्थान, जुबिलेंट एग्रीकल्चर रूरल डेवलपमेंट सोसाइटी, लॉजिस्टिक सेक्टर स्किल काउंसिल आदि के साथ एमओयू किया है। इन एमओयू के माध्यम से अलग-अलग क्षेत्रों में विश्व स्तरीय शोध अनुसंधान के साथ ही स्टार्टअप को बढ़ावा मिलेगा।
कुलसचिव डॉ. प्रदीप कुमार राव कहते हैं कि महायोगी गोरखनाथ विश्वविद्यालय की नींव में युगपुरुष ब्रह्मलीन महंत दिग्विजयनाथ जी महाराज व राष्ट्रसंत ब्रह्मलीन महंत अवेद्यनाथ जी महाराज के विचार हैं, जिनका मानना था कि दासता से मुक्ति, स्वावलंबन व सामाजिक विकास के लिए शिक्षा ही सबसे सशक्त माध्यम है। वर्तमान गोरक्षपीठाधीश्वर एवं इस विश्वविद्यालय के कुलाधिपति योगी आदित्यनाथ भी इसी वैचारिक परंपरा के संवाहक हैं। उनके मार्गदर्शन में इस विश्वविद्यालय का लक्ष्य भारतीय ज्ञान मनीषा के आलोक में मूल्य संवर्धित, रोजगारपरक उस शिक्षा को बढ़ावा देना है जो समग्र रूप में सामाजिक व राष्ट्रीय हितों का पोषण कर सके। एमजीयूजी के कुलाधिपति (गोरक्षपीठाधीश्वर एवं मुख्यमंत्री) योगी आदित्यनाथ की मंशा 2032 तक गोरखपुर को ‘नॉलेज सिटी’ के रूप में ख्यातिलब्ध कराने की है और इसमें एमजीयूजी अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभाने को अग्रसर है।
“हरियाणा के 2 गैंगस्टरों ने जिम्मेदारी ली, लॉरेंस के विरोधी बंबीहा गैंग से जुड़े”
BREAKING News : पंजाब के गुरदासपुर में कुख्यात गैंगस्टर जग्गू भगवानपुरियां की मां और बॉडीगार्ड की हत्या कर दी गई। गुरुवार रात करीब 9 बजे गैंगस्टर की मां हरजीत कौर (52) और बॉडीगार्ड करणवीर सिंह (29) घर के बाहर गाड़ी में मौजूद थे, तभी बाइक पर आए 2 हमलावरों ने उनकी गाड़ी पर ताबड़तोड़ गोलियां चला दीं।
शुरुआती जांच में सामने आया कि निशाना करणवीर था। करणवीर की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि कुछ गोलियां जग्गू की मां को भी लगीं। उन्हें अस्पताल पहुंचाया गया, लेकिन डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। हरजीत को 6 और करणवीर को चार गोलियां लगीं। गोलियां मारने का सीसीटीवी भी सामने आया है।
लॉरेंस के विरोधी बंबीहा गैंग से जुड़े 3 गैंगस्टरों ने सोशल मीडिया पर पोस्ट डालकर इसकी जिम्मेदारी ली है। इनमें 2 गैंगस्टर प्रभू दासुवाल और कौशल चौधरी हरियाणा के हैं।
पुलिस इस घटना को आपसी गैंगवार से जोड़कर देख रही है, क्योंकि जग्गू पंजाब में लंबे समय से अपराध की दुनिया में सक्रिय रहा है। कई विरोधी गैंग से उसका टकराव रहा है। आज दोनों शवों का पोस्टमॉर्टम करवाया जाएगा।
मध्य प्रदेश के रतलाम में आज हो रही ‘एमपी राइज 2025’ कॉन्क्लेव में शामिल होने आ रहे मुख्यमंत्री के लिए लगाए गए वाहनों के काफिले में डीजल की जगह पानी भरने का मामला सामने आया. काफिले के लगभग 19 वाहन गुरुवार की रात डीजल भरवाने के लिए ढोसी गांव के पास भारत पेट्रोल पंप पर गए थे. वहां डीजल भरवाने के बाद सभी वाहन कुछ दूरी तय करने के बाद अचानक चलते-चलते बंद हो गए. वाहन चालकों ने इसकी शिकायत पेट्रोल पंप पर की.
सीएम के काफिले के वाहनों में खराबी की जानकारी मिलते ही प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंचे. सभी वाहनों से डीजल खाली करवाया गया तो उसमें पानी निकला. इससे हड़कंप मच गया. पेट्रोल पंप पर वाहनों के टैंक खोलने से गैरेज जैसे हालात हो गए. इसके साथ ही कुछ अन्य ट्रक ड्राइवर भी यही शिकायत लेकर पेट्रोल पंप पहुंचे.
राजस्थान के नागौर में एक लव स्टोरी का ख़ौफ़नाक अंत हो गया। कॉलेज टीचर सहदेव व उसकी स्टूडेंट करिश्मा चौधरी 8 माह तक लिव इन में रहें। लड़की के परिजनों ने सहदेव की हत्या कर दी। खुद करिश्मा ने अपने परिवार पर FIR कराई। अब लिव इन फ़्रैंड की हत्या के 13 दिन बाद युवती ने फांसी का फंदा लगा जान दे दी।
शादीशुदा सहदेव के लिए घर छोड़ा था..
30 साल से अधिक आयू के सहदेव ने करिश्मा के लिए अपना हरा भरा परिवार छोड़ा। करिश्मा जैसे ही 18 बरस की हुई, दोनों घर से भाग गए। इसके बाद परिवार ने सहदेव का क़त्ल किया। अब करिश्मा के सुसाइड के बाद Love Story का एंड हो गया।