राष्ट्रीय अध्यक्ष कालीशंकर यदुवंशी बोले— बिजली व्यवस्था ध्वस्त, अवैध मंडी में किसानों का शोषण; जल्द समाधान नहीं हुआ तो होगा बड़ा जनआंदोलन।, ,,
गोरखपुर के चौरी-चौरा में बिजली संकट और अवैध किसान मंडी को लेकर OBC पार्टी (वन भारत सिटीजन पार्टी) ने जोरदार प्रदर्शन किया। पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष कालीशंकर यदुवंशी के नेतृत्व में हुए इस प्रदर्शन में प्रशासन और जनप्रतिनिधियों पर गंभीर आरोप लगाए गए। पार्टी ने चेतावनी दी कि यदि जल्द समस्याओं का समाधान नहीं हुआ तो बड़ा जनआंदोलन किया जाएगा।
मुख्य बातें (Highlights)
1. बिजली व्यवस्था पर बड़ा सवाल
OBC पार्टी ने चौरी-चौरा में अघोषित बिजली कटौती का विरोध किया। बार-बार फॉल्ट, जर्जर तार, टूटे खंभे और ट्रांसफार्मर जलने की समस्या उठाई गई।
पार्टी का आरोप है कि क्षेत्र की बिजली व्यवस्था पूरी तरह चरमरा गई है।
2. जनप्रतिनिधियों पर निशाना
राष्ट्रीय अध्यक्ष कालीशंकर यदुवंशी ने स्थानीय जनप्रतिनिधियों पर जनता की समस्याओं की अनदेखी करने का आरोप लगाया।
कहा कि जनता की मूलभूत समस्याओं को लेकर जनप्रतिनिधि मूकदर्शक बने हुए हैं।
3. बिजली विभाग को चेतावनी
पार्टी ने एक्सईएन (XEN) चौरी-चौरा से तत्काल वार्ता कर समस्या के समाधान की मांग की चेतावनी दी कि यदि जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो जनता के साथ व्यापक आंदोलन किया जाएगा।
4. नया ट्रांसफार्मर चालू न होने पर नाराजगी
वार्ड नंबर-5 में नया ट्रांसफार्मर लगाए जाने के बावजूद उसे चालू नहीं किए जाने पर विभाग की कार्यशैली पर सवाल उठाए गए।
इसे विभागीय लापरवाही का उदाहरण बताया गया।
5. अवैध किसान मंडी का मुद्दा
मुख्य मार्ग पर संचालित अवैध किसान मंडी को तत्काल हटाने की मांग की गई।
आरोप लगाया गया कि बिचौलिए किसानों का आर्थिक शोषण कर रहे हैं और उन्हें उचित मूल्य नहीं मिल रहा।
6. सरकारी मंडी को सक्रिय करने की मांग
पार्टी ने सरकारी कृषि मंडी को पूरी तरह चालू और सक्रिय करने की मांग उठाई।
इस संबंध में कृषि मंडी सचिव से मुलाकात कर जल्द कार्रवाई की मांग की गई।
प्रदर्शन में कौन-कौन रहे मौजूद?
प्रदर्शन के दौरान OBC पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष कालीशंकर यदुवंशी के साथ स्थानीय सभासद पौरुष कुमार सहित पार्टी के कई पदाधिकारी और कार्यकर्ता मौजूद रहे।
अब देखना होगा कि बिजली संकट और अवैध किसान मंडी को लेकर उठे इन मुद्दों पर प्रशासन क्या कदम उठाता है। फिलहाल OBC पार्टी ने साफ कर दिया है कि यदि जल्द समाधान नहीं हुआ तो आंदोलन को और व्यापक रूप दिया जाएगा।
‘प्रेस से मिलिए’ कार्यक्रम में आईजी गोरखपुर जोन ने मिशन शक्ति, महिला सुरक्षा और पुलिस-जनता संवाद को लेकर रखी बड़ी बातें
गोरखपुर। गोरखपुर जर्नलिस्ट प्रेस क्लब में आयोजित ‘प्रेस से मिलिए’ कार्यक्रम में पुलिस महानिरीक्षक (आईजी) गोरखपुर जोन मुथा अशोक जैन ने महिला सशक्तिकरण, कम्युनिटी पुलिसिंग और जनसहभागिता को लेकर कई महत्वपूर्ण घोषणाएं कीं। उन्होंने कहा कि पुलिस का उद्देश्य केवल कानून-व्यवस्था बनाए रखना नहीं, बल्कि समाज के हर वर्ग के साथ विश्वास और संवाद स्थापित करना भी है।
महिलाओं को मिलेगा खुलकर अपनी बात रखने का मंच :-
आईजी मुथा अशोक जैन ने बताया कि ‘मिशन शक्ति’ के तहत शुरू किए गए ‘बहू-बेटी सम्मेलन’ का उद्देश्य महिलाओं, विशेषकर नवविवाहित बहुओं को ऐसा सुरक्षित मंच उपलब्ध कराना है, जहां वे बिना किसी झिझक के अपनी समस्याएं साझा कर सकें। उन्होंने कहा कि 15 से 35 वर्ष आयु वर्ग की महिलाओं को इस कार्यक्रम से जोड़ा जा रहा है और इसमें पुरुषों की भागीदारी नहीं रखी जाती, ताकि महिलाएं खुलकर अपनी बात रख सकें।
महिला सुरक्षा और अधिकारों पर विशेष जोर:-
सम्मेलनों के दौरान महिलाओं को घरेलू हिंसा, दहेज उत्पीड़न, बाल विवाह, साइबर अपराध जैसे विषयों पर जागरूक किया जाता है। साथ ही 1090, 112, 181 और 1930 जैसे हेल्पलाइन नंबरों की जानकारी देकर उन्हें कानूनी सहायता और सुरक्षा सेवाओं से जोड़ा जाता है।
कम्युनिटी पुलिसिंग यूनिट से पुलिस और जनता के बीच बनेगा भरोसा :-
आईजी ने बताया कि कम्युनिटी पुलिसिंग यूनिट (CPU) पुलिस और आम नागरिकों के बीच विश्वास का मजबूत माध्यम बनेगी। पुलिस अधिकारी सीधे गांवों और मोहल्लों में जाकर लोगों की समस्याएं सुनेंगे और स्थानीय स्तर पर समाधान का प्रयास करेंगे। इससे छोटी-छोटी सामाजिक और पारिवारिक समस्याओं का समाधान थाने तक पहुंचे बिना भी संभव हो सकेगा।
दिव्यांगजनों के लिए भी नई पहल :-
उन्होंने जानकारी दी कि अब दिव्यांग सम्मेलन का भी नया चरण शुरू किया जा रहा है। इसके माध्यम से दिव्यांगजनों की समस्याएं सुनकर उनके समाधान के लिए संबंधित विभागों के साथ समन्वय स्थापित किया जाएगा।।
पत्रकारों की भूमिका पर भी दिया जोर :-
आईजी मुथा अशोक जैन ने कहा कि पत्रकार लोकतंत्र का महत्वपूर्ण स्तंभ हैं। उन्होंने पत्रकारों से अपील की कि वे केवल घटनाओं की रिपोर्टिंग तक सीमित न रहें, बल्कि सरकार और प्रशासन की योजनाओं के जमीनी क्रियान्वयन की भी निष्पक्ष समीक्षा करें, ताकि जनता तक सही जानकारी पहुंचे और व्यवस्था में सुधार हो।
भव्य स्वागत और सम्मान :-
कार्यक्रम में आईजी मुथा अशोक जैन का अंगवस्त्र, बुके, स्मृति चिन्ह और प्रशस्ति पत्र देकर सम्मान किया गया। बड़ी संख्या में पत्रकार, सामाजिक कार्यकर्ता और गणमान्य नागरिक कार्यक्रम में उपस्थित रहे।
मुख्य बातें (Highlights)
‘बहू-बेटी सम्मेलन’ से महिलाओं को मिलेगा सुरक्षित संवाद का मंच।
कम्युनिटी पुलिसिंग यूनिट (CPU) पुलिस-जनता के बीच बढ़ाएगी विश्वास।
महिलाओं को 1090, 112, 181 और 1930 हेल्पलाइन की दी जाएगी जानकारी।
घरेलू हिंसा, दहेज, बाल विवाह और साइबर अपराध पर विशेष जागरूकता अभियान।
दिव्यांग सम्मेलन की नई शुरुआत, समस्याओं के समाधान पर रहेगा फोकस।
पत्रकारों से जमीनी हकीकत को निष्पक्ष रूप से सामने लाने की अपील।
पुलिस का लक्ष्य केवल कानून-व्यवस्था नहीं, बल्कि समाज के साथ विश्वास और सहभागिता
‘प्रेस से मिलिए’ कार्यक्रम के माध्यम से यह संदेश स्पष्ट रूप से सामने आया कि गोरखपुर पुलिस महिलाओं के सशक्तिकरण, जनसंवाद और सामुदायिक भागीदारी को प्राथमिकता देते हुए समाज के प्रत्येक वर्ग तक पहुंचने का प्रयास कर रही है। मिशन शक्ति, बहू-बेटी सम्मेलन और कम्युनिटी पुलिसिंग यूनिट जैसी पहलें सुरक्षित, जागरूक और सहभागी समाज के निर्माण की दिशा में महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही हैं।
‘एक पेड़ मां के नाम’ अभियान को देंगे नई गति, सुबह 7:45 बजे लिंक एक्सप्रेसवे के पास करेंगे पौधरोपण; गोरखपुर में 55.28 लाख पौधे लगाने का लक्ष्य
गोरखपुर | 11 जुलाई उत्तर प्रदेश में पर्यावरण संरक्षण को जनआंदोलन बनाने के उद्देश्य से मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ रविवार (12 जुलाई) को गोरखपुर से प्रदेशव्यापी ‘पौधरोपण महायज्ञ-2026’ का शुभारंभ करेंगे। इस वर्ष प्रदेश सरकार ने रिकॉर्ड 35 करोड़ पौधरोपण का लक्ष्य निर्धारित किया है। मुख्यमंत्री ‘एक पेड़ मां के नाम’ अभियान के तहत स्वयं पौधा लगाकर प्रदेशवासियों से इस महाअभियान में बढ़-चढ़कर भाग लेने की अपील करेंगे।
जनता दर्शन रहेगा स्थगित :-
मुख्यमंत्री के पौधरोपण कार्यक्रम को देखते हुए रविवार सुबह श्री गोरखनाथ मंदिर में आयोजित होने वाला जनता दर्शन कार्यक्रम स्थगित कर दिया गया है। मंदिर प्रशासन ने इसकी आधिकारिक सूचना जारी करते हुए श्रद्धालुओं से सहयोग की अपील की है।
दो स्थानों पर करेंगे पौधरोपण :-
मुख्यमंत्री सुबह 7:45 बजे गोरखपुर लिंक एक्सप्रेसवे के समीप नीम, पीपल और बरगद की पवित्र त्रिवेणी का पौधरोपण कर अभियान का शुभारंभ करेंगे। इसके बाद आरकेबीके के पास ताल रिंग रोड पर मौलश्री का पौधा लगाएंगे। इस दौरान आयोजित जनसभा में वे पर्यावरण संरक्षण का संदेश देंगे। कार्यक्रम में प्रदेश के वन एवं पर्यावरण मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) डॉ. अरुण कुमार सक्सेना भी मौजूद रहेंगे।
गोरखपुर में 55.28 लाख पौधों का लक्ष्य
प्रदेश के 35 करोड़ पौधरोपण लक्ष्य में गोरखपुर जिले को 55 लाख 28 हजार 600 पौधे लगाने की जिम्मेदारी सौंपी गई है। इस अभियान में 27 विभाग मिलकर भागीदारी करेंगे। सबसे अधिक लक्ष्य वन विभाग को दिया गया है।
सभी तैयारियां पूरी :-
प्रभागीय वनाधिकारी शुभम सिंह के अनुसार सभी पौधशालाओं में गुणवत्तायुक्त पौधों की पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित कर दी गई है। पौधरोपण स्थलों पर गड्ढों की खुदाई, मिट्टी की व्यवस्था और पौधों की सुरक्षा सहित सभी आवश्यक तैयारियां पहले ही पूरी कर ली गई हैं।
मुख्यमंत्री की अपील
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रदेशवासियों से ‘एक पेड़ मां के नाम’ अभियान से जुड़ने की अपील करते हुए कहा कि प्रत्येक नागरिक कम से कम एक पौधा अवश्य लगाए और उसके संरक्षण का संकल्प भी ले। यही प्रकृति, पर्यावरण और आने वाली पीढ़ियों के प्रति हमारी सच्ची जिम्मेदारी होगी।
हाइलाइट्स :-
रविवार को गोरखनाथ मंदिर में जनता दर्शन रहेगा स्थगित
गोरखपुर से होगा 35 करोड़ पौधरोपण महायज्ञ का शुभारंभ
सुबह 7:45 बजे लिंक एक्सप्रेसवे पर लगाएंगे पवित्र त्रिवेणी
ताल रिंग रोड पर मौलश्री का भी करेंगे पौधरोपण
‘एक पेड़ मां के नाम’ अभियान से जुड़ने की मुख्यमंत्री की अपील
11 जुलाई को CM योगी देंगे 689.35 करोड़ की नई फोरलेन परियोजना की सौगात, रोड इंफ्रास्ट्रक्चर में जुड़ेगा नया अध्याय
हाइलाइट्स :-
✅ नौ वर्षों में गोरखपुर के रोड इंफ्रास्ट्रक्चर में ऐतिहासिक बदलाव।
✅ शहर के बाहरी क्षेत्र की सभी प्रमुख सड़कें अब फोरलेन।
✅ 11 जुलाई को भटहट–बासस्थान फोरलेन परियोजना का लोकार्पण।
✅ गोरखपुर लिंक एक्सप्रेसवे से लखनऊ और पूर्वांचल की कनेक्टिविटी मजबूत।
✅ फ्लाईओवर, रिंग रोड, सिक्सलेन और फोरलेन की दर्जनों परियोजनाएं निर्माणाधीन।
गोरखपुर, 9 जुलाई। उत्तर प्रदेश की योगी सरकार में गोरखपुर का रोड इंफ्रास्ट्रक्चर तेजी से बदलता नजर आ रहा है। कभी जर्जर और संकरी सड़कों के लिए पहचान रखने वाला शहर आज फोरलेन सड़कें, आधुनिक फ्लाईओवर और बेहतर कनेक्टिविटी के लिए जाना जा रहा है।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में बीते नौ वर्षों में गोरखपुर में सड़क विकास के क्षेत्र में बड़े पैमाने पर निवेश हुआ है। शहर के बाहरी हिस्से की लगभग सभी प्रमुख सड़कें फोरलेन हो चुकी हैं, जबकि शहर के अंदर भी चौड़ी सड़कों और फ्लाईओवर का नेटवर्क लगातार विस्तार पा रहा है।
इस विकास यात्रा में 11 जुलाई को एक और महत्वपूर्ण उपलब्धि जुड़ने जा रही है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ 11.6 किलोमीटर लंबे भटहट–बासस्थान फोरलेन मार्ग का लोकार्पण करेंगे। लगभग 689.35 करोड़ रुपये की लागत से तैयार यह परियोजना क्षेत्र की कनेक्टिविटी को और मजबूत करेगी।
लिंक एक्सप्रेसवे बना गेम चेंजर :-
करीब 7283 करोड़ रुपये की लागत से तैयार 91 किलोमीटर लंबे गोरखपुर लिंक एक्सप्रेसवे ने पूर्वांचल की कनेक्टिविटी को नई दिशा दी है। इस एक्सप्रेसवे के जरिए गोरखपुर से लखनऊ तक का सफर पहले की तुलना में अधिक तेज और सुगम हो गया है।
बीते एक वर्ष की प्रमुख उपलब्धियां :-
हाल के महीनों में कई बड़ी सड़क परियोजनाएं पूरी हुई हैं, जिनमें—
गोरखनाथ ओवरब्रिज
बरगदवा–नकहा रेल ओवरब्रिज
खजांची चौराहा फ्लाईओवर
रामगढ़ताल–देवरिया बाईपास फोरलेन
बालापार टिकरिया रेल ओवरब्रिज
पैडलेगंज–बेतियाहाता फोरलेन मार्ग
जैसी परियोजनाएं शामिल हैं।
निर्माणाधीन मेगा परियोजनाएं
गोरखपुर में वर्तमान समय में कई महत्वाकांक्षी
परियोजनाओं पर तेजी से काम जारी है। इनमें—
जंगल कौड़िया–सोनौली फोरलेन
उत्तर-पूर्व रिंग रोड
टीपी नगर–पैडलेगंज सिक्सलेन फ्लाईओवर
नौसढ़–पैडलेगंज सिक्सलेन
पिपराइच फोरलेन
चारफाटक–असुरन फोरलेन
पादरी बाजार फ्लाईओवर
विरासत गलियारा जैसी परियोजनाएं प्रमुख हैं।
विकास और निवेश को मिला बल :-
बेहतर सड़क नेटवर्क का असर केवल यातायात तक सीमित नहीं है। इससे उद्योग, व्यापार, पर्यटन और रियल एस्टेट सेक्टर को भी गति मिली है। लखनऊ, वाराणसी, बिहार, नेपाल, देवरिया और कुशीनगर तक बेहतर फोरलेन कनेक्टिविटी ने गोरखपुर को पूर्वांचल के प्रमुख आर्थिक और व्यावसायिक केंद्र के रूप में मजबूत किया है।
गोरखपुर में रोड इंफ्रास्ट्रक्चर का तेजी से विस्तार शहर की विकास यात्रा का अहम आधार बनता जा रहा है। आने वाले समय में निर्माणाधीन परियोजनाएं पूरी होने के बाद गोरखपुर की कनेक्टिविटी और अधिक मजबूत होने की उम्मीद है, जिससे क्षेत्र के आर्थिक और औद्योगिक विकास को नई गति मिलने की संभावना है।
ATS और तिवारीपुर पुलिस की संयुक्त कार्रवाई जारी; आधिकारिक बयान का इंतजार, जांच पूरी होने तक कारण स्पष्ट नहीं
गोरखपुर। उत्तर प्रदेश के गोरखपुर जिले में बुधवार सुबह सुरक्षा एजेंसियों की बड़ी कार्रवाई से इलाहीबाग क्षेत्र में हड़कंप मच गया।
आतंकवाद निरोधक दस्ता (ATS) और तिवारीपुर थाना पुलिस की संयुक्त टीम ने सुबह करीब 5 बजे इलाहीबाग स्थित माई डीगदही इलाके के एक मकान पर छापेमारी शुरू की, जो समाचार लिखे जाने तक जारी रही।
सूत्रों के अनुसार, जिस मकान पर कार्रवाई की जा रही है, उसका संबंध जमाल अहमद से बताया जा रहा है, जिनकी इलाहीबाग प्राथमिक विद्यालय के पास पेंट की दुकान है। हालांकि, इस संबंध में अभी तक किसी अधिकारी ने आधिकारिक पुष्टि नहीं की है।
छापेमारी के दौरान पूरे इलाके को पुलिस ने सुरक्षा घेरे में ले लिया। मकान के आसपास अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है और प्रमुख मार्गों एवं मोड़ों पर निगरानी बढ़ा दी गई है। स्थानीय लोगों की गतिविधियों पर भी नजर रखी जा रही है, ताकि जांच के दौरान किसी प्रकार की बाधा उत्पन्न न हो।
फिलहाल यह स्पष्ट नहीं हो सका है कि ATS की यह कार्रवाई किस मामले में की जा रही है। मौके पर मौजूद अधिकारी भी जांच का हवाला देते हुए फिलहाल कोई आधिकारिक जानकारी साझा नहीं कर रहे हैं।
जांच एजेंसियां पूरे मामले की गहन पड़ताल में जुटी हैं। आधिकारिक बयान जारी होने के बाद ही कार्रवाई के कारणों और आगे की स्थिति की स्पष्ट जानकारी सामने आने की उम्मीद है।
महत्वपूर्ण बिंदु :-
सुबह करीब 5 बजे ATS और तिवारीपुर पुलिस की संयुक्त छापेमारी।
कार्रवाई इलाहीबाग के माई डीगदही क्षेत्र में जारी।
पूरे इलाके की घेराबंदी, अतिरिक्त पुलिस बल तैनात
सूत्रों के अनुसार कार्रवाई का संबंध जमाल अहमद के मकान से बताया जा रहा है।
योगी सरकार ने रामगढ़ताल की तर्ज पर किया चिलुआताल का कायाकल्प, अगस्त 2026 तक पूरा होने का लक्ष्य
हाइलाइट्स:-
🔸 चिलुआताल घाट पर करीब 12.95 करोड़ रुपये की लागत से बन रहा भजन संध्या स्थल
🔸 एक साथ 1014 श्रद्धालु बैठकर ले सकेंगे भजनों का आनंद
🔸 विशाल स्थायी मंच, सीढ़ीनुमा दर्शक दीर्घा और आरसीसी शेड की व्यवस्था
🔸 कलाकारों के लिए ग्रीन रूम, पार्किंग, पेयजल और शौचालय की सुविधा
🔸 दीवारों को सजाया जाएगा आध्यात्मिक म्यूरल पेंटिंग्स से
🔸 मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने स्वयं किया निर्माण कार्य का निरीक्षण
गोरखपुर में विकसित होगा नया आध्यात्मिक पर्यटन केंद्र :-
गोरखपुर के नव विकसित पर्यटन स्थल चिलुआताल घाट पर जल्द ही भक्तिमय वातावरण की गूंज सुनाई देगी। योगी सरकार द्वारा चिलुआताल के समग्र विकास के तहत यहां करीब 13 करोड़ रुपये की लागत से एक भव्य भजन संध्या स्थल का निर्माण कराया जा रहा है। निर्माण कार्य अगस्त 2026 तक पूरा होने की उम्मीद है।
रामगढ़ताल मॉडल पर हुआ चिलुआताल का विकास :-
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देश पर चिलुआताल का विकास रामगढ़ताल की तर्ज पर किया गया है। लगभग 20.39 करोड़ रुपये की लागत से चिलुआताल का सौंदर्यीकरण कराया गया है, जिसके अंतर्गत भजन संध्या स्थल का निर्माण भी शामिल है। इसका उद्देश्य पर्यटन के साथ-साथ धार्मिक और सांस्कृतिक गतिविधियों को बढ़ावा देना है।
एक साथ 1014 श्रद्धालु बैठ सकेंगे
निर्माणाधीन भजन संध्या स्थल में एक विशाल स्थायी मंच बनाया जा रहा है, जहां कलाकार भजनों की प्रस्तुति देंगे। वहीं, श्रद्धालुओं के लिए सीढ़ीनुमा श्रोता दीर्घा का निर्माण किया जा रहा है, जिसमें एक साथ 1014 लोग बैठकर कार्यक्रमों का आनंद ले सकेंगे।
आधुनिक सुविधाओं से होगा लैस परिसर
भजन संध्या स्थल को हर मौसम के अनुकूल बनाने के लिए पूरे परिसर को आरसीसी छत से आच्छादित किया जाएगा।
इसके अलावा यहां निम्न सुविधाएं भी उपलब्ध होंगी:
✔ कलाकारों के लिए ग्रीन रूम
✔ आधुनिक शौचालय ब्लॉक
✔ पेयजल व्यवस्था
✔ पर्याप्त पार्किंग सुविधा
✔ पौधरोपण एवं आकर्षक लैंडस्केपिंग
आध्यात्मिक चित्रों से सजेगी चिलुआताल घाट की दीवारें :-
परिसर की दीवारों को विशेष स्पिरिचुअल म्यूरल पेंटिंग्स से सजाया जाएगा, जिससे यहां आने वाले श्रद्धालुओं और पर्यटकों को एक अनूठा आध्यात्मिक अनुभव प्राप्त होगा।
मुख्यमंत्री योगी ने दिए थे निर्माण में तेजी के निर्देश :-
गौरतलब है कि 2 जून 2026 को चिलुआताल घाट के लोकार्पण के दौरान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने निर्माणाधीन भजन संध्या स्थल का निरीक्षण किया था और अधिकारियों को निर्माण कार्य में तेजी लाने के निर्देश दिए थे। कार्यदायी संस्था यूपी राजकीय निर्माण निगम के अनुसार, परियोजना को अगस्त 2026 तक पूर्ण करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया ।
निर्माण कार्य पूरा होने के बाद चिलुआताल घाट न केवल गोरखपुर का प्रमुख पर्यटन स्थल बनेगा, बल्कि धार्मिक, सांस्कृतिक और आध्यात्मिक आयोजनों का भी एक महत्वपूर्ण केंद्र बनकर उभरेगा।
भोजपुरी भाषा को संवैधानिक रूप से ‘राजभाषा’ का दर्जा दिलाने की मांग में प्रख्यात निर्माता डॉ. एस. वी. अंचन द्वारा निर्मित और लेखक डॉ. अतुल पाटणे (आईएएस) द्वारा लिखित भोजपुरी फिल्म ‘भोज’ का ट्रेलर हाल ही में रिलीज किया गया है। फिल्मस्टार डॉ. महेश कुमार अभिनीत फ़िल्म का ट्रेलर न केवल सिनेमाई दृष्टिकोण से प्रभावशाली है, बल्कि सामाजिक संदेश के मामले में एक मील का पत्थर साबित हो रहा है। वर्ल्डवाइड रिकॉर्ड्स भोजपुरी के ऑफिसियल यूट्यूब चैनल पर रिलीज फिल्म के ट्रेलर में सुपरस्टार डॉ. महेश कुमार का एक ओजस्वी और प्रभावशाली रूप देखने को मिल रहा है। फिल्म की कहानी केवल मनोरंजन तक सीमित नहीं है, बल्कि यह करोड़ों भोजपुरी भाषियों की आवाज है। फिल्म में मुख्य भूमिका निभा रहे डॉ. महेश कुमार ने ट्रेलर के माध्यम से सीधे तौर पर भोजपुरी समाज से अपील की है कि वे अपनी मातृभाषा के सम्मान के लिए एकजुट हों।
सेफसी अंचन ग्रुप के बैनर तले निर्मित भोजपुरी फिल्म ‘भोज’ के निर्माता डॉ. एस वी अंचन और श्रीमती प्रभावती पाटणे हैं। इस फिल्म के प्रख्यात लेखक डॉ. अतुल पाटणे (आईएएस) ने लिखा है। फिल्म ‘भोज’ का कथानक डॉ. अतुल पाटणे (आईएएस) के गहरे अनुभव और लेखन कौशल को दर्शाता है, जो भोजपुरी भाषी लोगों की अस्मिता और संघर्ष को पर्दे पर जीवंत करता है। डॉ. अंचन का विजन और डॉ. पाटणे का लेखन इस फिल्म को केवल एक व्यावसायिक फिल्म न बनाकर, एक ‘मिशन’ के रूप में स्थापित कर रहा है। स्क्रीनप्ले और डायलॉग के रूप में अनिल विश्वकर्मा ने लिखा है। फिल्म के कुशल निर्देशन में क्रिएटिव डायरेक्टर के रूप में धीरू यादव ने अपना महत्वपूर्ण तकनीकी योगदान दिया है। निर्देशक चंदन सिंह हैं। फिल्म में मुख्य भूमिका डॉ. महेश कुमार हैं, उनके साथ भोजपुरी इंडस्ट्री की जानी-मानी अभिनेत्री यामिनी सिंह ने शानदार केमिस्ट्री जमाई है। साथ ही दिग्गज अभिनेता अवधेश मिश्रा, राम सुजान सिंह, महेश आचार्य, समर्थ चतुर्वेदी, तमन्ना मौर्य, सुबोध सेठ और मनोज द्विवेदी आदि हैं।
फिल्म के ट्रेलर का लिंकः https://youtu.be/46opXa6lIPU?si=TPGkSmdwCt-V1xov
गौरतलब है कि डॉ एस वी अंचन द्वारा निर्मित, डॉ अतुल पाटणे (आई ए एस) द्वारा लिखित फिल्म भोज के ट्रेलर में फिल्मस्टार डॉ महेश कुमार ने भोजपुरी भाषा को राजभाषा का दर्जा दिलवाने के लिए भोजपुरी समाज से अपील की है, और सिग्नेचर कैंपेन के तौर पर मिस कॉल नंबर 91751 48038 जारी किया है। यह मिस कॉल न केवल फिल्म के समर्थन का प्रतीक है, बल्कि यह उन लाखों लोगों की सहमति है जो भोजपुरी को संवैधानिक दर्जा दिलाने के लिए कृतसंकल्प हैं।
गोरखनाथ मंदिर की गोशाला में पहुंचे मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, गायों को खिलाया गुड़-रोटी और कार्यकर्ताओं को दिए समुचित देखभाल के निर्देश
गोरखपुर, 27 जून। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शनिवार को गोरखनाथ मंदिर प्रवास के दौरान अपनी परंपरागत दिनचर्या का पालन करते हुए जनसेवा के साथ-साथ गोसेवा भी की। जनता दर्शन कार्यक्रम के बाद मुख्यमंत्री मंदिर परिसर स्थित गोशाला पहुंचे, जहां उन्होंने गायों और गोवंश के प्रति विशेष स्नेह प्रदर्शित किया।
मुख्य बिंदु:
✅ जनता दर्शन के बाद गोशाला पहुंचे मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ✅ गायों को अपने हाथों से खिलाया गुड़-रोटी ✅ गोवंश को दुलारकर दिया संरक्षण का संदेश ✅ गोशाला कर्मियों को बेहतर देखभाल के निर्देश ✅ मंदिर परिसर में विचरण कर रहे मोरों पर भी बरसाया स्नेह
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गोशाला में मौजूद गायों को अपने हाथों से गुड़ और रोटी खिलाई। इस दौरान उन्होंने गोवंश के माथे पर हाथ फेरकर और स्नेहिल थपकी देकर उन्हें दुलारा। उन्होंने गोशाला के कार्यकर्ताओं से गोवंश की देखभाल की जानकारी ली और उनके समुचित पालन-पोषण एवं स्वास्थ्य पर विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए।
इससे पहले मुख्यमंत्री ने गोरखनाथ मंदिर में शिवावतार महायोगी गुरु गोरखनाथ का विधिवत दर्शन-पूजन किया और अपने गुरु, ब्रह्मलीन महंत अवेद्यनाथ की समाधि स्थल पर पहुंचकर श्रद्धांजलि अर्पित की तथा आशीर्वाद लिया।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जब भी गोरखनाथ मंदिर प्रवास पर होते हैं, तो गोसेवा उनकी दिनचर्या का अभिन्न हिस्सा रहती है। शनिवार को भी उन्होंने गोशाला में कुछ समय व्यतीत कर गोवंश के प्रति अपनी संवेदनशीलता और संरक्षण के प्रति प्रतिबद्धता का संदेश दिया।
गोरखनाथ मंदिर में लगातार दूसरे दिन जनता दर्शन, करीब 200 लोगों की समस्याएं सुनीं; अधिकारियों को समयबद्ध और निष्पक्ष निस्तारण के निर्देश
गोरखपुर, 27 जून। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अपने गोरखपुर प्रवास के दौरान शनिवार को लगातार दूसरे दिन गोरखनाथ मंदिर में आयोजित जनता दर्शन में आमजन की समस्याएं सुनीं। इस दौरान उन्होंने स्पष्ट किया कि प्रदेश सरकार जरूरतमंदों के इलाज और आवास की व्यवस्था कराने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है तथा किसी भी पात्र व्यक्ति को सरकारी योजनाओं के लाभ से वंचित नहीं रहने दिया जाएगा।
महंत दिग्विजयनाथ स्मृति भवन के सामने आयोजित जनता दर्शन में मुख्यमंत्री ने करीब 200 लोगों से मुलाकात की। उन्होंने स्वयं लोगों के बीच जाकर एक-एक कर उनकी समस्याएं सुनीं, प्रार्थना पत्र प्राप्त किए तथा संबंधित प्रशासनिक एवं पुलिस अधिकारियों को तत्काल और प्रभावी कार्रवाई के निर्देश दिए।
महत्वपूर्ण बिंदु:
🔹 करीब 200 लोगों की समस्याएं सुनकर अधिकारियों को दिए त्वरित निस्तारण के निर्देश
🔹 जरूरतमंदों को सरकारी योजना के तहत आवास उपलब्ध कराने का भरोसा
🔹 गंभीर बीमारियों के इलाज में आर्थिक सहायता का आश्वासन
🔹 एम्स दिल्ली में उपचाररत महिला को मुख्यमंत्री राहत कोष से मदद का भरोसा
🔹 गोरखपुर एम्स और बीआरडी मेडिकल कॉलेज में इलाज की व्यवस्था कराने के निर्देश
🔹 जमीन कब्जाने वाले दबंगों के खिलाफ कठोर कार्रवाई के निर्देश
🔹 बच्चों को दुलारते हुए शिक्षा के प्रति किया प्रेरित, वितरित की चॉकलेट
जनता दर्शन के दौरान एक महिला ने मुख्यमंत्री से अपने पास रहने के लिए मकान न होने की समस्या बताई। इस पर मुख्यमंत्री ने आश्वस्त किया कि उन्हें सरकारी आवास योजना का लाभ दिलाया जाएगा। वहीं, इलाज के लिए आर्थिक सहायता की मांग लेकर पहुंचे लोगों को उन्होंने भरोसा दिया कि धन के अभाव में किसी भी जरूरतमंद का उपचार नहीं रुकेगा।
मुख्यमंत्री ने एक महिला, जिनका उपचार एम्स दिल्ली में चल रहा है, को मुख्यमंत्री राहत कोष से आर्थिक सहायता उपलब्ध कराने का आश्वासन दिया। वहीं, एक अन्य महिला की चिकित्सा संबंधी समस्या पर अधिकारियों को निर्देशित किया कि उनका इलाज गोरखपुर एम्स अथवा बीआरडी मेडिकल कॉलेज में सुनिश्चित कराया जाए।
जमीन पर अवैध कब्जे की शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने पुलिस अधिकारियों को निर्देश दिया कि यदि कोई दबंग किसी की जमीन पर जबरन कब्जा करता है, तो उसके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाए।
जनता दर्शन में परिजनों के साथ आए बच्चों से मुख्यमंत्री ने आत्मीयता से मुलाकात की, उन्हें आशीर्वाद दिया और चॉकलेट वितरित करते हुए नियमित रूप से विद्यालय जाने के लिए प्रेरित किया। साथ ही अभिभावकों से बच्चों की शिक्षा पर विशेष ध्यान देने की अपील की।
गोरखपुर में एस्ट्रोमेडिक्स सुपर स्पेशलिटी हॉस्पिटल का उद्घाटन, सीएम योगी ने गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाओं पर दिया जोर; सांसद रवि किशन के साथ मंच से किया हल्का-फुल्का संवाद
गोरखपुर, 26 जून। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शुक्रवार को गोरखपुर के बेतियाहाता स्थित एस्ट्रोमेडिक्स सुपर स्पेशलिटी हॉस्पिटल का उद्घाटन किया। इस अवसर पर आयोजित कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने प्रदेश में स्वास्थ्य सेवाओं के क्षेत्र में हुए व्यापक सुधारों का उल्लेख किया और गुणवत्तापूर्ण चिकित्सा सुविधाओं की आवश्यकता पर बल दिया।
कार्यक्रम के दौरान गोरखपुर के सांसद रवि किशन ने मंच से हल्के-फुल्के अंदाज में सवाल किया कि क्या अस्पताल में मरीजों को मुफ्त इलाज मिलेगा। इस पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मुस्कुराते हुए कहा कि “जिस दिन रवि किशन फ्री में पिक्चर दिखाना शुरू कर देंगे, उसी दिन से अस्पताल में भी फ्री में इलाज शुरू हो जाएगा।” मुख्यमंत्री की इस टिप्पणी पर कार्यक्रम स्थल पर उपस्थित लोगों ने तालियों और ठहाकों से स्वागत किया।
इससे पूर्व सांसद रवि किशन ने अपने चिर-परिचित अंदाज में कहा कि “जब कुछ हम बोल देत बानी त शाम तक वायरल हो जाला, इसलिए बहुत सोच-समझ कर जीवन में चले के पड़ेला।” उन्होंने मंच से भोजपुरी गीत की पंक्तियां भी गाईं और उपस्थित लोगों का मनोरंजन किया।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अपने संबोधन में कहा कि प्रदेश को मुफ्त सेवाओं की राजनीति नहीं, बल्कि गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सुविधाओं की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि वर्ष 2017 के बाद प्रदेश सरकार ने स्वास्थ्य एवं चिकित्सा सेवाओं के क्षेत्र में अभूतपूर्व विस्तार कर लोगों की सोच और प्रदेश की छवि दोनों को बदलने का कार्य किया है।
मुख्यमंत्री ने पूर्ववर्ती सरकारों पर निशाना साधते हुए कहा कि “पहले की सरकारों ने हर जिले में माफिया पैदा किए, जबकि वर्तमान सरकार हर जिले में मेडिकल कॉलेज की सुविधा उपलब्ध करा रही है।” उन्होंने कहा कि प्रदेश में विश्वसनीय और आधुनिक स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराना अस्पतालों और चिकित्सकों की सबसे बड़ी जिम्मेदारी है।
उन्होंने कहा कि सरकार का उद्देश्य प्रदेश के प्रत्येक नागरिक को बेहतर, सुलभ और भरोसेमंद स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराना है, जिसके लिए लगातार कार्य किया जा रहा है।
महत्वपूर्ण बिंदु (Highlights):
✅ मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने एस्ट्रोमेडिक्स सुपर स्पेशलिटी हॉस्पिटल का उद्घाटन किया।
✅ रवि किशन के “फ्री इलाज” वाले सवाल पर सीएम ने हास्यपूर्ण अंदाज में जवाब दिया।
✅ सीएम ने कहा कि प्रदेश को मुफ्त नहीं, बल्कि गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाओं की आवश्यकता है।
✅ वर्ष 2017 के बाद स्वास्थ्य सेवाओं में हुए सुधारों का उल्लेख किया।
✅ पूर्व सरकारों और वर्तमान सरकार की कार्यशैली का अंतर बताया।
✅ हर जिले में मेडिकल कॉलेज स्थापित करने की नीति को सरकार की बड़ी उपलब्धि बताया।
✅ अस्पतालों और डॉक्टरों की जिम्मेदारी को रेखांकित किया।