लखनऊ- KGMU के पूर्व प्रोफेसर डॉ रवि देव से हुई मारपीट, इलाज के दौरान मरीज की मौत के बाद हुआ बवाल, डॉक्टर, स्टाफ की तीमारदारों ने जमकर पिटाई की, डॉ रवि देव की पिटाई का वीडियो सीसीटीवी में कैद, गोमतीनगर विस्तार में इग्निस हॉस्पिटल का मामला
Category: उत्तर प्रदेश
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पुलिस अधीक्षक कुशीनगर धवल जायसवाल द्वारा कोतवाली
बिग ब्रेकिंग कुशीनगर
पुलिस अधीक्षक कुशीनगर धवल जायसवाल द्वारा कोतवाली पडरौना थाने पर तैनात एक उपनिरीक्षक को किया गया निलंबित खड्डा थाने पर तैनात हेड कांस्टेबल और एक कांस्टेबल को किया गया निलंबित। -

ओबीसी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष काली शंकर यदुवंशी ने बताया कि चौरी-चौरा के ब्रह्मपुर में प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के तहत सड़क निर्माण
ओबीसी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष काली शंकर यदुवंशी ने बताया कि चौरी-चौरा के ब्रह्मपुर में प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के तहत सड़क निर्माण में भ्रष्टाचार और लापरवाही साफ नजर आया. चौरी चौरा तहसील के ब्रह्मपुर ब्लॉक में बन रहे गोबडोर से लेकर टम्टा तक लगभग 6 किलोमीटर रोड का निर्माण प्रधानमंत्री सड़क योजना के अंतर्गत हो रहा है जिसकी ओबीसी पार्टी द्वारा लगातार शिकायत किए जाने के बाद आज संयुक्त रूप से जांच के दौरान अस्सिटेंट इंजीनियर के.के. पांडे और जूनियर इंजीनियर तथा निर्माण एजेंसी के ठेकेदार की उपस्थिति में ओबीसी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष काली शंकर ने मानक के विपरीत हो रहे सड़क निर्माण की कमियों को मौके पर बताया जिसमें दो जगह सड़क की मोटाई नापी गई एक जगह पर केवल 1 सेंटीमीटर सड़क की मोटाई पाई गई और दूसरी जगह पौने तीन सेंटीमीटर पाई गई जबकि ऊपरी लेयर कम से कम 3 सेंटीमीटर होना चाहिए. पैदल यात्रियों के लिए सड़क के किनारे किनारे मानक के अनुरूप मिट्टी डालकर चौड़ाई नहीं बढ़ाई गई और ना ही पानी निकासी के लिए नाली ही बनाया गया और सड़क के बीचो-बीच कई जगह विद्युत पोल है जिसे हटाया भी नहीं गया जबकि यह सारी जिम्मेदारी सड़क निर्माण एजेंसी की है.
प्रधानमंत्री सड़क निर्माण योजना की गाइडलाइन में साफ है की सड़क निर्माण 9 महीने के अंदर खत्म हो जाना चाहिए या अधिकतम साल भर तक एक्सटेंशन दिया जा सकता है जबकि सड़क के निर्माण में साल भर से अधिक का समय हो चुका है.
काली शंकर ने बताया कि प्रधानमंत्री सड़क ग्राम योजना की गाइडलाइन में है कि सड़क की संयुक्त निरीक्षण 2 महीने में ग्राम प्रधानों के साथ संयुक्त जांच हो 4 महीने में विधायक के साथ हो तथा 6 महीने के अंदर सांसद के साथ संयुक्त निरीक्षण होना चाहिए जबकि एक भी निरीक्षण किसी के भी साथ नहीं हुआ इसे जनप्रतिनिधियों की लापरवाही कहें या अज्ञानता.
काली शंकर ने बताया कि हम निष्पक्ष एजेंसी से इस सड़क निर्माण के जांच की मांग करते हैं.
काली शंकर ने कहा कि लगता है कि विधायक सांसद अपने अधिकार नहीं जानते, या जानबूझकर आंखें मूंदे हुए हैं.
संयुक्त निरीक्षण में साफ-साफ सड़क निर्माण की खामियां दिखाई दिया है. ओबीसी पार्टी ने चेतावनी दिया कि यदि मानक के खिलाफ सड़क बनी तो जनता भी सड़क पर उतार कर लोकतांत्रिक आंदोलन के लिए बाध्य होगी -

तरंग ओवरब्रिज के पास अचानक गिरा स्ट्रीट लाइट का पोल गनीमत रहेगी किसी राहगीर पर नहीं गिरा
तरंग ओवरब्रिज के पास अचानक गिरा स्ट्रीट लाइट का पोल गनीमत रहेगी किसी राहगीर पर नहीं गिरा
गोरखपुर में एक बड़ा हादसा होने से बचा .इत्तेफाक यह रहा की उस वक्त पुल पर कोई आवा जाही नहीं थी जब पोल गिरा तो कोई भी नही था तरंग से होकर हुमायूंपुर की तरफ का मामला। पुल पर स्ट्रीट लाइट का पोल गिरा और एक हादसा होने से बच गया -

25 जून को संविधान हत्या दिवस घोषित करने का मामला!!
प्रयागराज.
25 जून को संविधान हत्या दिवस घोषित करने का मामला!! हाईकोर्ट में केन्द्र सरकार की अधिसूचना को दी गई चुनौती!! हाईकोर्ट ने याचिका पर केंद्र से 7 दिन में मांगी जानकारी!!
संतोष कुमार दोहरे की ओर से दाखिल जनहित याचिका!!
याचिका में अधिसूचना को असंवैधानिक घोषित करने की मांग!! -

एकसाथ छः पुस्तकों का विमोचन उच्च अकादमिक परिवेश का प्रमाण : प्रो. पूनम टंडन
एकसाथ छः पुस्तकों का विमोचन उच्च अकादमिक परिवेश का प्रमाण : प्रो. पूनम टंडन
यूरोपीय विद्वानों द्वारा भारतीय समाज पर गतिहीनता का आरोप गलत : प्रो. राजवंत राव
गौरवपूर्ण है छः पुस्तकों का लोकार्पण : प्रो. पूनम टंडन
चिंतन की दुनियां में रचनात्मक हस्तक्षेप हैं लोकार्पित पुस्तकें: प्रो. प्रशांत श्रीवास्तव
दीनदयाल उपाध्याय गोरखपुर विश्वविद्यालय के प्राचीन इतिहास विभाग और अयोध्या अध्ययन केंद्र के संयुक्त तत्वावधान में प्राच्य विद्या की छः महत्वपूर्ण पुस्तकों का लोकार्पण हुआ. इस कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए माननीय कुलपति प्रो. पूनम टंडन ने कहा कि एकसाथ छः पुस्तकों का विमोचन प्राचीन इतिहास विभाग और अयोध्या अध्ययन केंद्र की सक्रियता, चिंतन व उच्च अकादमिक परिवेश का प्रमाण है. इससे प्राचीन इतिहास विभाग के गौरवपूर्ण अतीत का भी पता चलता है. ये पुस्तकें शोध और विमर्श की दिशा में रचनात्मक हस्तक्षेप हैं.
अयोध्या अध्ययन केंद्र के संयोजक प्रो. राजवंत राव ने इन सभी पुस्तकों से परिचित कराते हुए ‘भारतीय अभिलेखों में स्त्री’ पर कहा कि यूरोपीय विद्वानों द्वारा स्त्री के सन्दर्भ में भारतीय समाज पर गतिहीनता का आरोप उचित नहीं है. उन्होंने बताया कि इक्ष्वाकुवंशी राजाओं ने स्त्री को बुद्धिमत्ता व दक्षता के आधार पर प्रशासनिक पद पर आसीन किया. इन राजाओं ने स्त्री की बुद्धिमत्ता के लिए प्रशंसा की, सौंदर्य के लिए नहीं. उन्होंने प्रो. विपुला दुबे की इस पुस्तक को उनके गंभीर चिंतन व शोध का परिणाम बताया.
मुख्य अतिथि लखनऊ विश्वविद्यालय के प्रसिद्ध मुद्राशास्त्री प्रो. प्रशांत श्रीवास्तव ने ‘भारत का विश्व संस्कृतियों से संवाद’ पर कहा कि संवादधर्मी संस्कृतियां मरती नहीं, एक-दूसरे से मिलकर समृद्ध होती हैं. भारतीय संस्कृति ने विश्व की संस्कृतियों से निरंतर आदान-प्रदान किया है.
‘प्राचीन भारत में क़ृषि एवं जलसंसाधन’ के लेखक कृतकार्य आचार्य प्रो. जयमल राय ने पुस्तक लोकार्पण पर ख़ुशी व्यक्त की और माननीय कुलपति प्रो. पूनम टंडन द्वारा विश्वविद्यालय में स्वस्थ अकादमिक वातावरण बनाने हेतु उन्हें साधुवाद दिया.
इसी क्रम में प्रो. दिवाकर प्रसाद तिवारी की पुस्तक ‘गोरखपुर परिक्षेत्र का ऐतिहासिक परिदृश्य’, डॉ. सुधीर कुमार राय की ‘पूर्व मध्यकालीन भारत में भू राजस्व नीति एवं कृषक’ तथा डॉ.मणिन्द्र यादव की ‘प्राचीन भारत की आर्थिक स्थिति’ पुस्तक को शोध व प्राच्य विद्या की दुनियां में उपलब्धि बताया.
विभागाध्यक्ष प्रो. प्रज्ञा चतुर्वेदी ने स्वागत वक्तव्य दिया. पूर्व विभागाध्यक्ष प्रो. दिग्विजयनाथ मौर्य ने आभार व्यक्त किया. डॉ. विनोद कुमार ने मंच संचालन किया. कार्यक्रम में प्रो.चितरंजन मिश्र समेत विभिन्न विभागों के अध्यक्ष, अधिष्ठाता, आचार्य समेत बड़ी संख्या में शोधार्थी व नागरिक समाज के लोग उपस्थित रहे. -

सुनील ‘ प्रोफेसर ऑफ प्रैक्टिस’ के पद पर चयनित
सुनील ‘ प्रोफेसर ऑफ प्रैक्टिस’ के पद पर चयनित
गोरखपुर।मदन मोहन मालवीय प्रौद्योगिकी विश्विद्यालय गोरखपुर में डॉ सुनील कुमार मिश्रा का ‘ प्रोफेसर ऑफ प्रैक्टिस’ के पद पर हुआ चयन।
डॉ सुनील कुमार मिश्रा का ‘प्रोफेसर ऑफ प्रैक्टिस’ के पद पर एमएमएमयूटी में हुए चयनित,तथा कल ही उन्हें नियुक्ति पत्र ईमेल से प्राप्त हुआ। डॉ सुनील कुमार मिश्रा पूर्व में गीडा में स्थित एक कम्पनी में वरिष्ठ प्रबंधक प्रशासन एवं जनसंपर्क के पद पर थे और वर्तमान के मुख्य प्रबंधक प्रशासन के पद पर कार्यरत है। डॉ सुनील कुमार मिश्रा ने विधि विषय में पीएचडी किया है और एमबीए, एमएसडब्ल्यू, के साथ-साथ पर्यावरण में भी कोर्स किया है। इसके साथ ही डॉ सुनील मिश्रा ने विकलांगता अधिकार अधिनियम 2016, फैक्ट्री प्रशासन एवं सुरक्षा , प्रशासन विधि विभाग पर किताबे लिखी है और पैंतीस से अधिक शोध पत्र प्रकाशित किए हैं। इसके साथ ही वर्ष 2019 में सार्क देशों की की कांफ्रेंस में बांग्लादेश के मानवाधिकार आयोग ने प्रशंसा पत्र देकर सम्मानित किया था तथा 2019 में ही आईएनसी रिसर्च स्कॉलर संस्था द्वारा गोल्ड मेडल भी शोध के लिए दिया गया है। डॉ सुनील कुमार मिश्रा ने अपने चयन हेतु एमएमएमयूटी केवीसी प्रोफेसर जेपी सैनी के प्रति आभार जताया, इसके साथ ही रजिस्ट्रार प्रोफेसर जय प्रकाश एवं डीन केमिकल विट्ठल के प्रति भी आभार व्यक्त किया।
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अब नहीं खोजना पड़ेगा एम्स थाने की पुलिस को रजिस्टर में जब्त माल, बचेगा वक्त, डीआईजी ने ई-मालखाने का की शुरुआत
अब नहीं खोजना पड़ेगा एम्स थाने की पुलिस को रजिस्टर में जब्त माल, बचेगा वक्त, डीआईजी ने ई-मालखाने का की शुरुआत गोरखपुर। डीआईजी गोरखपुर परिक्षेत्र गोरखपुर आनंद कुलकर्णी कंप्यूटरिकृत “ई-मालखाना” का किया उद्घाटन
आज थाना एम्स में वृक्षारोपण के उपरांत थाने के आधुनिकरण के दृष्टिगत मालखाना में रखे मालों के रिकॉर्ड को कंप्यूटरिकृत कराने हेतु “ई-मालखाना” का उद्घाटन किया। दर्ज मुकदमों से जुड़ा सामान (केस प्रॉपर्टी) एक क्लिक में देखना मुमकिन होगा। असल में केसों से जुड़े सामान पुलिस को तब तक रखना होता है जब तक केस कोर्ट में अपने अंजाम तक न पहुंच जांच जाए। ऐसे में उसे लंबे वक्त तक संभाल कर रखना काफी मुश्किल भरा काम होता है। दिक्कत तब और बढ़ जाती है जब अधिकारी बदल जाते हैं। ई मालखाने से इस समस्या का समाधान हो जाएगा।ई माल खाना में हर केस प्रॉपर्टी का यूनिक नंबर होगा। केस प्रॉपर्टी को बॉक्स में रख बार कोडिंग के साथ अल्फाबेट क्रम में रखा जाएगा। केस नंबर डिजिटल पोर्टल में डालने पर केस प्रॉपर्टी कहां रखी है ये पता चल जाएगा। इससे पहले तारीख आने पर केस प्रॉपर्टी ढूंढने में मशक्कत करनी पड़ती थी। प्रॉपर्टी का ब्योरा और स्टोर की जगह की जानकारी होगी।अब जांच अधिकारी का टाइम केस प्रॉपर्टी ढूंढने में समय खराब नहीं होगा। एम्स थाने का मालखाना ई-मालखाने में तब्दील किया गया है।डीआईजी गोरखपुर परिक्षेत्र गोरखपुर आनंद कुलकर्णी ने बताया कि मालखाना पुलिस केस प्रॉपर्टी के लिए बहुत जरूरी जगह होती है। जब तक केस खत्म नहीं होता, उसे संभालकर रखना होता है। ई-मालखाना शुरू होने से जांच अधिकारी का काम आसान होगा। इस दौरान वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉक्टर गौरव ग्रोवर पुलिस अधीक्षक नगर कृष्ण बिश्नोई सहायक पुलिस अधीक्षक/ क्षेत्राधिकारी कैंट अंशिका वर्मा पुलिस अधीक्षक उत्तरी जितेंद्र श्रीवास्तव क्षेत्राधिकारी कोतवाली ओंकार तिवारी थाना प्रभारी एम्स संजय सिंह सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे। -

आरक्षी हरेश के साहसिक कार्य हेतु एसएसपी ने किया सम्मानित
आरक्षी हरेश के साहसिक कार्य हेतु एसएसपी ने किया सम्मानित गोरखपुर। पुलिस कार्यालय पर ज्वलनशील पदार्थ डालकर आत्महत्या करने की कोशिश करने वाली महिला को बचाने वाले पुलिस जवान को वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक ने प्रशस्ति पत्र व 1000 नगद रुपए दे कर सम्मानित किया। पुलिस कार्यालय गोरखपुर परिसर में एक महिला द्वारा पारिवारिक सम्पत्ति के विवाद को लेकर अपने ऊपर ज्वलनशील पदार्थ डाल कर आत्मदाह का प्रयास किया गया । वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक जनपद गोरखपुर के स्कोर्ट ड्यूटी पर तैनात आरक्षी हरेश यादव द्वारा तत्काल कार्यवाही करते हुए महिला को आत्मदाह करने से रोका गया । महिला को किसी प्रकार की कोई शारीरिक क्षति नहीं हुई है । आरक्षी हरेश यादव के साहसिक कार्य हेतु वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक जनपद गोरखपुर द्वारा प्रशस्ति पत्र व नगद 1000 रुपये से पुरस्कृत किया गया।
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सैकड़ों होर्डिंग लगाकर कार्यकर्ताओं ने अपने नेता के नेतृत्व का बेहतर संदेश दीया
सैकड़ों होर्डिंग लगाकर कार्यकर्ताओं ने अपने नेता के नेतृत्व का बेहतर संदेश दीया
गोरखपुर।कैम्यिरगंज से भाजपा विधायक निवर्तमान कैबिनेट मंत्री एवं कार्यवाहक विधानसभा अध्यक्ष उत्तर प्रदेश सरकार, सदस्य लोक सेवा समिति उत्तर प्रदेश, फतेह बहादुर सिंह द्वारा विरोधियों के द्वारा पांच करोड़ की सुपारी देकर हत्या का आरोप लगाने की चर्चाओं के बीच मंगलवार को शहर के प्रमुख बाजार गोलघर , कैंपियरगंज पीपीगंज, और शहर में कई जगह पर मेरा नेता मेरा अभिमान लिखा होर्डिंग नजर आया। जीस पर फतेह बहादुर सिंह के साथ उनकी पत्नी और जिला पंचायत अध्यक्ष साधना सिंह की फोटो भी लगी है।
पोस्टर पर विधायक के प्रतिनिधि रंजीत सिंह पिंटू, सोनू सिंह, अभिषेक सिंह एडवोकेट, दुर्गेश पाल ,की भी फोटो है। होर्डिंग के ऊपर की तरफ प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की भी तस्वीर है। इसके साथ ही विधायक के पिता और पूर्व मुख्यमंत्री वीर बहादुर सिंह की भी फोटो होर्डिंग पर है। पोस्टर को लेकर लोग तरह-तरह के कयास लगा रहे हैं। बताते चलें कि कैम्पियरगंज विधानसभा से भाजपा विधायक फतेह बहादुर सिंह और चौरीचौरा से भाजपा विधायक सरवन निषाद ने प्रशासन से लेकर विरोधियों पर हत्या की साजिश की बात कहते हुए सियासी भूचाल ला दिया है।









