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  • जीवन को लेकर आयुर्वेद, योग और नाथपंथ की मान्यता

    जीवन को लेकर आयुर्वेद, योग और नाथपंथ की मान्यता

    जीवन को लेकर आयुर्वेद, योग और नाथपंथ की मान्यता
    महायोगी गोरखनाथ विवि में आयुर्वेद, योग और नाथपंथ पर तीन दिवसीय अंतरराष्ट्रीय संगोष्ठी में बोले मुख्यमंत्री
    स्वस्थ शरीर से ही संभव हो सकते हैं धर्म के सभी साधन

    गोरखपुर, 13 जनवरी। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि भारतीय मनीषा मानती है कि ‘शरीरमाद्यं खलु धर्मसाधनम्’। अर्थात धर्म की साधना के लिए शरीर ही माध्यम है। धर्म के सभी साधन स्वस्थ शरीर से ही संभव हो सकते हैं। धर्मपरक जीवन से ही अर्थ, कामनाओं की सिद्धि और फिर मोक्ष प्राप्ति संभव है। इस परिप्रेक्ष्य में धर्म साधना से जुड़े जीवन को लेकर आयुर्वेद, योग और नाथपंथ की मान्यता के समान है,

    सीएम योगी सोमवार को महायोगी गोरखनाथ विश्वविद्यालय, आरोग्यधाम के गुरु गोरक्षनाथ इंस्टिट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज (आयुर्वेद कॉलेज) की तरफ से आयुर्वेद, योग और नाथपंथ के पारस्परिक अंतरसंबंधों को समझने के लिए आयोजित तीन दिवसीय अंतरराष्ट्रीय संगोष्ठी के दूसरे दिन विशेष व्याख्यान दे रहे थे। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ इस विश्वविद्यालय के कुलाधिपति भी हैं। अंतरराष्ट्रीय संगोष्ठी में ‘आयुर्वेद, योग और नाथपंथ का मानवता के प्रति योगदान’ विषय पर केंद्रित अपने व्याख्यान में उन्होंने कहा कि आयुर्वेद की मान्यता है कि चराचर जगत पंचभूतों से बना है। इन्हीं पंचभूतों से हमारा शरीर भी बना है। महायोगी गुरु गोरखनाथ ने भी कहा है कि पिंड में ही ब्रह्मांड समाया है। जो तत्व ब्रह्मांड में है वही हमारे शरीर में भी हैं,

    आयुर्वेद, योग और नाथपंथ सबका ध्यान नियम-संयम पर
    मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि भारतीय मनीषा में हर व्यक्ति के जीवन का एक अभीष्ट होता है, धर्म के पथ पर चलते हुए मोक्ष की प्राप्ति करना प्रति करना। धर्म की साधना के लिए स्वस्थ शरीर की अपरिहर्ता हमारे ऋषियों, मुनियों ने बताई है। शरीर को स्वस्थ रखने के लिए आयुर्वेद, योग और नाथपंथ, तीनों नियम-संयम पर जोर देते हैं। आयुर्वेद में जहां व्याधियों को दूर करने के लिए औषधियों और पंचकर्म की पद्धतियां हैं तो वही योग में भी हठयोग, राजयोग, ज्ञानयोग, लययोग और क्रियायोग की विशिष्ट विधियां हैं। इसी क्रम में शरीर की आरोग्यता के लिए नाथपंथ का हठयोगी योग को खट्कर्म से जोड़ता है। आयुर्वेद, योग और नाथपंथ की पद्धतियां, तीनों ही वात, पित्त और कफ से जनित रोगों के निदान के लिए एक मार्ग पर चलने की प्रेरणा देती हैं और वह मार्ग है नियम-संयम। सीएम योगी ने कहा कि आयुर्वेद, योग और नाथपंथ तीनों ही व्यवहारिकता के स्तर पर एक दूसरे से जुड़े हुए हैं। तीनों ने ही शरीर को पंचभौतिक माना है,

    नाथ योगियों ने दिया है अंतःकरण की शुद्धि पर जोर
    मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि नियम-संयम का जीवन में बड़ा महत्व है। योग ने उसी को जोड़ा है। अंतःकरण की शुद्धि नियम-संयम से ही हो सकती है। नाथ योगियों ने क्रियात्मक योग के माध्यम से नियम संयम की विशिष्ट विधा दी है। कौन सी क्रिया का लाभ कब प्राप्त होगा, नाथ योगियों ने इसे विस्तार से समझाया है। उन्होंने कहा कि योग के कई आसनों के नाम नाथ योगियों के नाम पर हैं जैसे गोरखआसन, मत्स्येंद्रआसान, गोमुखआसन आदि। सीएम योगी ने कहा कि नाथ परंपरा में हर नाथ योगी जनेऊ धारण करता है जो उसे शरीर की नाड़ियों से अवगत कराता है। नाथ जनेऊ की उपयोगिता उसे योगी की दीक्षा के समय बताई जाती है। योग हर नाथ योगी के जीवन का अभिन्न हिस्सा होता है,

    चेतना के उच्च आयाम पर पहुंचने का मार्ग दिखाया गुरु गोरखनाथ ने
    मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गुरु गोरखनाथ ने चेतना के उच्च आयाम तक पहुंचाने का मार्ग दिखाया है। उन्होंने चेतन मन के साथ ही अवचेतन और अचेतन मन को साधने की क्रिया भी सिखाई है। मानव मन, बिना साधना के जितना चेतन होता है वह संपूर्ण चेतना का बहुत छोटा भाग है। योग के माध्यम से साधना की चरम सीमा पर जाकर हम अवचेतन और अचेतन मन के रहस्यों को उद्घाटित कर सकते हैं। नाथ योगियों की साधना का उद्देश्य भी यही रहा है,

    शरीर की साधना से ही अष्ट सिद्धियों की प्राप्ति
    मुख्यमंत्री ने कहा कि शरीर की यही साधना अष्ट सिद्धियों और नौ निधियों को प्राप्त करने का माध्यम भी है। उन्होंने कहा कि जिस प्रकार जीवन के लिए प्राण आवश्यक है उसी प्रकार मन की वृत्तियों और शरीर के बीच तारतम्य स्थापित करने के लिए प्राणायाम भी आवश्यक है,

    भारत की ज्ञान धारा को प्राप्त हो रहा प्राचीन गौरव
    मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि अपने प्राचीन ज्ञान के धरोहरों से हमने दूरी बनानी प्रारंभ की तो एक समय ऐसा भी आ गया कि भारतीय हीन भावना का विषय बन गए। अपने दिव्यज्ञान के स्रोत से वंचित होते गए। हमारी प्राचीन आयुर्वेद की दवाओं को बाहरी लोगों ने पेटेंट करना शुरू कर दिया। पर, आज यह सुखद है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन में भारत की प्राचीन ज्ञान धारा, आयुर्वेद और योग को फिर से प्राचीन गौरव प्राप्त हो रहा है। पूरी दुनिया एक बार फिर आयुर्वेद और योग के प्रति केंद्रित होकर भारत के प्रति कृतज्ञता ज्ञापित कर रही है,

    सृष्टि के कालखंड की सबसे प्राचीन है भारतीय संस्कृति
    मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ नाथ ने कहा कि भारत की सभ्यता और संस्कृति अति प्राचीन है। सृष्टि के कालखंड की सबसे प्राचीन संस्कृति भारतीय संस्कृति को माना जाता है। अलग-अलग कालखंड में ऋषियों, मुनियों ने अपनी ज्ञान के धारा के अनुभव से इसे नया आयाम प्रदान किया। पहले ज्ञान की परंपरा गुरु शिष्य के माध्यम से श्रवण परंपरा थी। उसे लिपिबद्ध करने का कार्य महर्षि वेदव्यास ने चार संहिताओं के माध्यम से किया। महर्षि वेदव्यास ने न केवल चार वेदों ऋग्वेद, यजुर्वेद, सामवेद और अथर्ववेद की रचना की बल्कि उन्होंने श्रीमद्भागवत पुराण समेत 18 पुराणों की रचना को भी ज्ञान से जोड़कर भारतीय संस्कृति को आगे बढ़ाया। महर्षि वेदव्यास द्वारा रचित श्रीमद्भागवत पुराण आज भी भारत वासियों को धर्म का सही मार्ग दिखाता है,

    धर्म पथ पर चलकर सफलता के चरम पर पहुंचना ही मोक्ष
    मुख्यमंत्री ने कहा कि मोक्ष या मुक्ति सिर्फ मरण से नहीं मिलती है बल्कि श्रीमद्भागवत के अनुसार धर्म के पथ पर चलते हुए सफलता के चरम पर पहुंचना ही मोक्ष है। महर्षि वेदव्यास ने भागवत पुराण के माध्यम से यह शिक्षा दी है कि सभी लोग धर्म के मार्ग का अनुसरण करें। धर्म के मार्ग का अनुसरण करने पर अर्थ और कामनाओं की भी सिद्ध हो सकती है,

    धर्म केवल उपासना तक सीमित नहीं
    सीएम योगी ने कहा कि भारतीय मनीषा ने धर्म को उपासना तक सीमित नहीं माना है। धर्म का स्वरूप विराट परिप्रेक्ष्य में निर्धारित किया गया है। कर्तव्य, सदाचार और नैतिक मूल्य के विशिष्ट जीवन पद्धति को समग्र रूप में भारतीय मनीषा धर्म के रूप में स्थापित करती है। धर्म के मार्ग से अर्थ और कामनाओं की सिद्धि से मोक्ष अपने आप प्राप्त होता है। उन्होंने कहा कि हिंदू कहलाने के लिए मंदिर जाना या धार्मिक ग्रंथो का पढ़ना आवश्यक नहीं है। हमारी सनातन परंपरा में धर्म को एक व्यापक दृष्टि से देखा और समझा गया है,

    ज्ञान के लिए सभी दरवाजे खुले रखो
    सीएम योगी ने कहा कि एक विश्वविद्यालय या शिक्षा संस्थान रचनात्मक कार्यों से वर्तमान पीढ़ी को नवीन ज्ञान से ओतप्रोत करता है। हमारे वैदिक संस्कृति का सूत्र भी यही है, ‘आनो भद्राः क्रतवो यन्तु विश्वतः।’ अर्थात ज्ञान के लिए सभी दरवाजे खुले रखो। ऐसे में इस अंतरराष्ट्रीय संगोष्ठी के माध्यम से ज्ञान के प्रति जड़ता तोड़ने और उसे नवीनता से परिपूर्ण करने में महत्वपूर्ण योगदान मिलेगा।
    स्वागत संबोधन महायोगी गोरखनाथ विश्वविद्यालय के कुलपति डॉ. सुरिंदर सिंह और आभार ज्ञापन आयुर्वेद कॉलेज के प्राचार्य डॉ. गिरिधर वेदांतम ने किया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री के सलाहकार अवनीश अवस्थी, मुख्यमंत्री के सलाहकार एवं भारत सरकार के पूर्व औषधि महानियंत्रक डॉ. जीएन सिंह,
    आयुष विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. एके सिंह, बीएचयू के वरिष्ठ आचार्य डॉ. के. रामचंद्र रेड्डी,
    इजराइल के आयुर्वेद औषधि विशेषज्ञ वैद्य गुई लेविन, श्रीलंका से आए आयुर्वेद विशेषज्ञ डॉ. टी. वीररत्ना, महायोगी गोरखनाथ विश्वविद्यालय के कुलसचिव डॉ. प्रदीप कुमार राव सहित संगोष्ठी में देश और दुनिया से प्रतिभागी, शिक्षक और विद्यार्थी उपस्थित रहे,

    संगोष्ठी की स्मारिका और दो पुस्तकों का सीएम ने किया विमोचन, स्टालों का किया अवलोकन
    मंच पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अंतरराष्ट्रीय संगोष्ठी की स्मारिका और डॉ. के. रामचंद्र रेड्डी व डॉ. शांतिभूषण हांदुर द्वारा लिखित दो पुस्तकों का विमोचन किया। मंच पर आगमन से पूर्व उन्होंने विश्वविद्यालय परिसर में आयुर्वेदिक दवाओं के निर्माताओं डाबर, वैद्यनाथ, श्रीधुतपापेश्वर, ऐमिल, हिमालया और वैद्यरत्नम की तरफ से लगाए गए स्टालों का भी अवलोकन किया।

  • शराब घोटाले पर CAG रिपोर्ट भेजने में देरी क्यों?

    शराब घोटाले पर CAG रिपोर्ट भेजने में देरी क्यों?

    शराब घोटाले पर CAG रिपोर्ट भेजने में देरी क्यों?, हाई कोर्ट ने दिल्ली सरकार से पूछा
    दिल्ली हाई कोर्ट ने दिल्ली की AAP सरकार को फटकार लगाते हुए कहा कि कैग रिपोर्ट पर जिस तरह से आपने अपने कदम पीछे खींचे हैं, उससे आपकी ईमानदारी पर संदेह पैदा होता है. हाई कोर्ट ने आगे जोर देते हुए कहा कि आपको रिपोर्ट को तुरंत स्पीकर को भेजना चाहिए था और इस पर सदन में चर्चा शुरू करनी चाहिए थी. मामले पर आज दोपहर 2:30 बजे फिर सुनवाई होगी,

    दिल्ली उच्च न्यायालय ने सोमवार को नियंत्रक एवं महालेखा परीक्षक (CAG) की रिपोर्ट पर विधानसभा में चर्चा में देरी को लेकर आम आदमी पार्टी (AAP) के नेतृत्व वाली दिल्ली सरकार को फटकार लगाई. न्यायमूर्ति सचिन दत्ता की सिंगल-जज बेंच ने कहा कि कैग रिपोर्ट सदन के पटल पर नहीं रखना पड़े इसलिए दिल्ली सरकार ने विधानसभा का विशेष सत्र बुलाने से अपने पैर पीछे खींच लिए. बता दें कि बीजेपी ने कैग रिपोर्ट का हवाला देते हुए दावा किया है कि शराब नीति घोटाले से दिल्ली को 2026 करोड़ रुपये का राजस्व घाटा हुआ. भगवा पार्टी ने दावा किया है कि दिल्ली शराब घोटाले में AAP के कई नेताओं को रिश्वत मिली,

    दिल्ली हाई कोर्ट ने AAP सरकार को फटकार लगाते हुए कहा कि कैग रिपोर्ट पर जिस तरह से आपने अपने कदम पीछे खींचे हैं, उससे आपकी ईमानदारी पर संदेह पैदा होता है. हाई कोर्ट ने आगे जोर देते हुए कहा कि आपको रिपोर्ट को तुरंत स्पीकर को भेजना चाहिए था और इस पर सदन में चर्चा शुरू करनी चाहिए थी. मामले पर आज दोपहर 2:30 बजे फिर सुनवाई होगी. उच्च न्यायालय ने कहा, ‘दिल्ली सरकार द्वारा उपराज्यपाल वीके सक्सेना को कैग रिपोर्ट भेजने में देरी और जिस तरह से इस मामले को संभाला गया, उससे ‘आपकी (AAP की) विश्वसनीयता पर संदेह’ पैदा होता है |

  • जरूरतमंदों की मदद ही सच्ची सेवा : महेश उमर

    जरूरतमंदों की मदद ही सच्ची सेवा : महेश उमर

    ब्यूरो प्रभारी —-विनय तिवारी

    बड़हलगंज/गोरखपुर (निष्पक्ष टुडे) बड़हलगंज नगर क्षेत्र में कड़ाके की ठंड व शीतलहरी को देखते हुए नगर पंचायत कार्यालय में सोमवार को सैकड़ों लोगों में कंबल का वितरण किया गया।

    सोमवार को नगर पंचायत कार्यालय में आयोजित कंबल वितरण कार्यक्रम में विभिन्न वार्डों के सैकड़ों जरूरत मंद लोगों में कंबल का वितरण किया गया। इस दौरान चेयरमैन प्रतिनिधि महेश उमर ने कहा कि ठंड व शीतलहरी से कोई प्रभावित न हो इसके लिए प्रदेश की योगी सरकार पूरी तरह प्रतिबद्ध है। जरूरतमंदों की मदद ही सच्ची सेवा है। इस दौरान नायब तहसीलदार विजय यादव, ईओ राम समुख, व्यापार मंडल अध्यक्ष श्रीकांत सोनी, लेखपाल अरविंद विश्वकर्मा, महेंद्र, मंजेश, सभासद दीपक शर्मा, सुनील यादव, जितेंद्र पासवान, ऋषि कुमार, राजीव मिश्रा, अमूल्य चतुर्वेदी, दीपक गौंड, सुदीप वर्मा, सुरेश उमर, दिनेश निगम, अमलेश कुमार, सुनील कुमार सहित अन्य कई लोग मौजूद रहें।

  • राष्ट्रीय युवा दिवस पर स्वामी विवेकानंद को किया नमन

    राष्ट्रीय युवा दिवस पर स्वामी विवेकानंद को किया नमन

    ब्यूरो प्रभारी —-विनय तिवारी

    बड़हलगंज /गोरखपुर (निष्पक्ष टुडे) : बडहलगंज भारतीय संस्कृति और सनातन सभ्यता की पताका समूचे विश्व में फहराने वाले महान दार्शनिक, सन्त और समाज सुधारक स्वामी विवेकानन्द की 163वीं जयंती को राष्ट्रीय युवा दिवस के रूप में मना कर उन्हें याद,नमन किया गया।
    रविवार को नगर पंचायत बड़हलगंज के विश्वनाथ उमर सभागार में आयोजित राष्ट्रीय युवा दिवस के अवसर पर मौजूद लोगों ने स्वामी विवेकानंद के जीवन चरित्र पर प्रकाश डाल कर उन्हें नमन किया।
    कार्यक्रम में अपने विचार व्यक्त करते हुये चेयरमैन प्रतिनिधि महेश उमर व बीजेपी के जिलामंत्री स्वतंत्र सिंह ने कहा कि स्वामी विवेकानंद एक महान सुधारक थे। वे अपने प्रेरक व्यक्तित्व के लिए सबसे ज्यादा जाने जाते हैं। उन्हें अपनी संस्कृति और मातृभाषा का बहुत सम्मान था। उन्होंने शिक्षा प्रणाली और हिंदू धर्म को प्रबुद्ध किया। इस अवसर पर अपने विचार व्यक्त करते हुये मण्डल अध्यक्ष दुर्गेश मिश्र एवं जनसेवा संस्था के महामंत्री सन्तोष जायसवाल ने कहा कि स्वामी जी का मूल नाम नरेंद्रनाथ दत्त था सन्यास के बाद उन्हें स्वामी विवेकानंद नाम मिला। 1893 के विश्व धर्म संसद में दिये गये उनके उत्कृष्ट भाषण से वे पूरी दुनिया में प्रसिद्ध हो गये। जिसमें उन्होंने दुनिया को हिंदू धर्म से परिचित कराया और हिंदू धर्म के महत्व के बारे में बात की।
    इस अवसर पर व्यापार मंडल अध्यक्ष श्रीकांत सोनी, डॉ रजनीश चौरसिया, नगरपंचायत के सभासद गण अमूल्य चन्द चतुर्वेदी, राजीव मिश्र, रामदास, दीपक दीपक शर्मा, सूरज सोनकर, जीतेन्द्र पासवान, राकेश राय, रवि साहनी, संजय सोनकर, नियाज़ कुरैशी, सुदीप वर्मा, ऋषि चन्द, गेसू पटवा, अनूप जायसवाल, अरविन्द सिंह, सुनील कुमार, सोनू श्रीवास्तव, सुरेश उमर, राजेश पटेल, अमलेश कुमार आदि मौजूद रहे।

  • रामलला की प्राण-प्रतिष्ठा के 1 साल पूरे होने पर उत्सव

    रामलला की प्राण-प्रतिष्ठा के 1 साल पूरे होने पर उत्सव

    50 क्विंटल फूलों से सजा राम मंदिर, 56 प्रकार के भोग लगे: अयोध्या में रामलला की प्राण-प्रतिष्ठा के 1 साल पूरे, 3 दिवसीय उत्सव,

    अयोध्या में भगवान रामलला की स्थापना 22 जनवरी 2024 को हुई थी। हालाँकि, हिंदी पंचांग के आधार पर देखें तो कल शुक्रवार (11 जनवरी 2025) को प्राण प्रतिष्ठा के एक साल पूरे हो गए हैं। इस दिन को प्रतिष्ठा द्वादशी उत्सव के रूप में मनाया गया। यह उत्सव तीन दिनों तक चलेगा। पिछले साल 22 जनवरी को जो मुहूर्त था, वही मुहूर्त 11 जनवरी को भी था।
    प्राण प्रतिष्ठा द्वादशी उत्सव कल 11 जनवरी से शुरू होकर 13 जनवरी तक चलेगा। कार्यक्रम के दौरान उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने स्वयं उपस्थित होकर भगवान राम का पूजन किया। इसके अलावा, उत्सव में कई साधु संन्यासी भी शामिल हुए। सीएम योगी आदित्यनाथ ने राम मंदिर में रामलला की विशेष पूजा-अर्चना, अभिषेक और आरती की।

    इस उत्सव में कई तरह के सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन किया जाना है, जिसमें रामलीला और भजन-कीर्तन आदि शामिल है। इन आयोजनों में भारत की प्राचीन संस्कृति के दर्शन के साथ-साथ भारतीय लोक गीतों और लोक नृत्यों भी शामिल है। इन सबके लिए स्थानीय प्रशासन की ओर से अयोध्या में बड़े स्तर पर तैयारियाँ की गई हैं।
    श्रीरामजन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र की ओर से बताया गया है, “प्रतिष्ठा द्वादशी के पावन पर्व पर आयोजित श्री राम राग सेवा के अंतर्गत लब्धप्रतिष्ठित श्रीमती ऊषा मंगेशकर, श्रीमती गौरी यादवाडकर तथा गायक श्री मयूरेश पई द्वारा प्रभु के समक्ष श्री राम भजन प्रस्तुत किए गए हैं।”

    राम मंदिर में आयोजित उत्सव को लेकर मंदिर परिसर को 50 क्विंटल फूलों से सजाया गया। भगवान राम को 56 प्रकार के भोग लगाए गए और इस भोग को श्रद्धालुओं में वितरित किए जाने की बात कही जा रही है। इस दिन भगवान श्रीराम को, सोने की आभा वाले, सलोने रंग के वस्त्र पहनाए गए।

  • सम्पन्न हुआ छठवां डांग शो

    सम्पन्न हुआ छठवां डांग शो

    गोरखपुर: गोरखपुर महोत्सव के अंतर्गत छठवां गोरखपुर डाग शो, दिग्विजय नाथ नुमाइश ग्राउंड,  रामगढताल गोरखपुर से पशुपालन विभाग के सहयोग से सम्पन्न हुआ।

    डाक्टर धर्मेन्द्र पाण्डेय डाक्टर सरोज चौधरी ,डाक्टर संजय श्रीवास्तव डा वीके सिहं, अतुल सिह, डाक्टर राजेश तिपाठी तथा कानपुर से धीरज शर्मा जज थे ।

  • रेलवे द्वारा नोटिस के बाद ग्रामीणों का धरना , आश्वासन के बाद हुआ खत्म

    रेलवे द्वारा नोटिस के बाद ग्रामीणों का धरना , आश्वासन के बाद हुआ खत्म

    बस्ती जनपद के वाल्टरगंज गांव में रेलवे द्वारा दुकानों और मकानों के ध्वस्तीकरण की नोटिस के बाद से जारी धरना शाम को जिला प्रशासन के आश्वासन के बाद खत्म हो गया। रेलवे द्वारा दी गई नोटिस के विरोध में 3 दिनों से ग्रामीण व दुकानदार धरना दे रहे थे। आज सुबह से ही कस्बे में तनावपूर्ण माहौल था, क्योंकि रेलवे ने ध्वस्तीकरण के लिए अल्टीमेटम दिया था। आज सुबह से ही विभिन्न पार्टियों के नेता व पदाधिकारी स्थानीय ग्रामीण दुकानदारों के समर्थन में पहुंच गए वहीं धरने पर बैठे रहे समाजवादी पार्टी के जिला अध्यक्ष व बस्ती सदर विधायक महेंद्र नाथ यादव ने कहा कि हम सभी ग्रामीणों के समर्थन में न्याय मिलने तक धरने पर बैठे रहेंगे। व्यापारियों और ग्रामीणों के साथ किसी भी प्रकार का नुकसान नहीं होने दिया जाएगा आश्वासन दिया किसी का मकान व दुकान गलत तरीके से नहीं गिराया जाएगा। धरने पर कांग्रेस पार्टी के जिला अध्यक्ष ज्ञानेंद्र पांडे ज्ञानू व सुभाषपा के तमाम पदाधिकारी भी मौजूद रहे। और आश्वासन दिया कि गलत तरीके से किसी का भी मकान व दुकान नहीं तोड़ा जाएगा। रेलवे अधिकारियों से वार्ता के बाद यह सहमति बनी कि मामला न्यायालय में विचाराधीन होने के कारण अभी कोई कार्रवाई नहीं की जाएगी।

  • तीन दिवसीय स्काउट गाइड प्रशिक्षण कार्यक्रम का हुआ समापन

    तीन दिवसीय स्काउट गाइड प्रशिक्षण कार्यक्रम का हुआ समापन

    ब्यूरो प्रभारी —-विनय तिवारी

    बड़हलगंज /गोरखपुर (निष्पक्ष टुडे) बड़हलगंज क़स्बे के मुहल्ला कालीचौरा स्थित इन्दिरा चिल्ड्रेन एकेडमी में आयोजित प्रथम व द्वितीय सोपान तीन दिवसीय स्काउट गाइड प्रशिक्षण कार्यक्रम का समापन हुआ। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि स्पर्श हास्पिटल के डॉ राम जायसवाल व विशिष्ट अतिथि विद्यालय के कार्यकारिणी सदस्य धर्मराज एवं कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे विद्यालय के प्रधानाचार्य राजीव जायसवाल द्वारा मां सरस्वती का पूजन अर्चन कर कार्यक्रम का शुभारंभ हुआ।

    मुख्य अतिथि डॉ राम जायसवाल ने कहा कि स्काउट गाइड प्रशिक्षण में बच्चों को अनुशासित जीवन जीने के लिए एवं विषम परिस्थिति में कम संसाधन में जीवन जीने की कला सिखाता है और स्काउट गाइड प्रशिक्षण में बच्चों को राष्ट्रहित में एक सुयोग्य नागरिक के रूप में तैयार करता है अनिवार्य रूप से सभी विद्यालयों में स्काउट गाइड प्रशिक्षण होना चाहिए। जिससे बच्चों के अंदर विभिन्न कौशल का विकास होगा। विद्यालय के कार्यकारिणी सदस्य धर्मराज ने कहा कि स्काउट गाइड प्रशिक्षण से बच्चों का सर्वांगीण विकास होता है।प्रधानाचार्य राजीव जायसवाल ने आए हुए सभी अतिथियों का स्वागत एवं वंदन किया और प्रशिक्षक राजू मौर्य ने कहा कि स्काउट गाइड में आपदा प्रबंधन की जानकारी एवं प्राथमिक सहायता रस्सी का उपयोग एवं कम संसाधन में जीवन जीने की प्रशिक्षण दिया जाता है।

    कार्यक्रम में टीम के बेस्ट स्काउट गाइड, बेस्ट स्काउट कैप्टन व अन्य प्रतिभागियों को सर्टिफिकेट व मेडल प्रदान कर सम्मानित किया गया।अतिथि गणों ने स्काउट गाइड टीम द्वारा बनाए गए टेंट गेट कुकिंग गैजेट का अवलोकन किया गया। कार्यक्रम का सफल संचालन श्रीमती शिल्पा प्रजापति एवं आफरीन अंसारी ने किया।

    इस अवसर पर विद्यालय के शिक्षक महेश कुमार,अंकित मद्धेशिया, दीक्षिता गोंड,शाहीन अंसारी, मुस्कान पटवा, फरहीन, शैलेश, शिफा, विनय, सोनाली वर्मा, शुभम, अभिलाषा शर्मा, निखिल गुप्ता , संगीता देवी व छात्र एवं छात्राओं सहित अन्य लोग उपस्थित रहे।

  • सीएम योगी ने परिवहन विभाग की समीक्षा की

    सीएम योगी ने परिवहन विभाग की समीक्षा की

    उत्तर प्रदेश:

    सीएम योगी ने परिवहन विभाग की समीक्षा की,

    संगम स्नान कराने प्रदेश के सभी जिलों से चलेंगी बसें-CM,

    स्नान पर्वों के साथ सामान्य दिनों के लिए भी सभी जिलों से हो बसों की सुविधा-CM,

    महाकुम्भ के लिए 7000 अतिरिक्त बसें चलाने की यूपी रोडवेज ने की है तैयारी, मेला तक ले जाने के लिए शटल बसें भी चलेंगी,

    नहीं होनी चाहिए ओवरलोडिंग, किराया वही लें जो तय है-CM,

    दिल्ली:

    HM अमित शाह आज झुग्गी बस्ती प्रधान सम्मलेन में सहभागिता करेंगे।

  • युद्ध स्तर पर कराये किसानो का रजिस्ट्रेशन: घीषम प्रसाद

    युद्ध स्तर पर कराये किसानो का रजिस्ट्रेशन: घीषम प्रसाद

    ब्यूरो प्रभारी —-विनय तिवारी

    बड़हलगंज/गोरखपुर (निष्पक्ष टुडे) बड़हलगंज विकास खंड के किसानो के रजिस्ट्रेशन में धीमी प्रगति पर बीडीओ ने आक्रोश जताया हैं। उन्होंने विकास खंड सभागार में शुक्रवार को कर्मचारियो के बैठक में किसानो का रजिस्ट्रेशन बढ़ानें के लिए पेंच कसे। बीडीओ घीसम प्रसाद ने समस्त सचिव, रोजगार सेवक, पंचायत सहायक, सफाई कर्मियो व अन्य कर्मचारियो को निर्देशित करते हुए कहा कि किसानो का रजिस्ट्रेशन में हीला हवाली बर्दाश्त नही कि जायेगी। जिलाधिकारी गोरखपुर इसकी प्रतिदिन मानिटरिंग कर रहे है। बीडीओ ने कहा कि संबंधित लोग गांवो में जाकर ग्राम प्रधान, क्षेत्र पंचायत सदस्य, सामाजिक कार्यकर्ताओ, कोटेदारो की मदद से किसानो का रजिस्ट्रेशन कराये। आजकल प्रत्येक घरों में एक दो ऐसे व्यक्ति है जो स्वंय रजिस्ट्रेशन कर सकते है। रजिस्ट्रेशन होने के बाद किसानो को किसान सम्मान निधि में मिलने वाली बाधा दुर हो जायेगी। बैठक के दौरान एडीओ कृषि प्रवीन कुमार सिंह, एडीओ आईएसबी राजीव तिवारी, सहायक विकास अधिकारी पंचायत योगेन्द्र सरोज, अतिरिक्त कार्यक्रम अधिकारी मीरा गौतम, कृष्णानंद शर्मा, अशोक सिंह, राहुल गुप्ता, वीरेंद्र कुशवाहा, दिपक मौर्य, योगेश तिवारी, अजय पान्डेय सहित अन्य कर्मचारी मौजूद थे।युद्ध स्तर पर कराये किसानो का रजिस्ट्रेशन: घीषम प्रसाद